अर्थतंत्र की खबरें: सोने और चांदी के दाम घटे और भारतीय शेयर बाजार लगातार चौथे दिन हरे निशान में बंद
सोने और चांदी की कीमतों में मंगलवार को गिरावट देखने को मिली, जिससे दोनों कीमती धातुओं का दाम क्रमश: 1,100 रुपए और 3,000 रुपए से अधिक कम हो गया है।

सोने और चांदी की कीमतों में मंगलवार को गिरावट देखने को मिली, जिससे दोनों कीमती धातुओं का दाम क्रमश: 1,100 रुपए और 3,000 रुपए से अधिक कम हो गया है।
इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (आईबीजेए) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने की कीमत 1,113 रुपए कम होकर 1,47,786 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई है, जो कि पहले 1,48,899 रुपए प्रति 10 ग्राम थी।
22 कैरेट सोने की कीमत कम होकर 1,35,372 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई है, जो कि पहले 1,36,391 रुपए प्रति 10 ग्राम थी। वहीं, 18 कैरेट सोने का दाम 1,11,675 रुपए प्रति 10 ग्राम से कम होकर 1,10,840 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया है।
सोने के साथ चांदी की कीमतों में भी गिरावट देखने को मिली है। चांदी का दाम 3,142 रुपए कम होकर 2,30,881 रुपए प्रति किलो हो गया है, जो कि पहले 2,34,043 रुपए प्रति किलो था।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोने और चांदी में मिलाजुला कारोबार हुआ। खबर लिखे जाने तक सोने का 05 जून 2026 का कॉन्ट्रैक्ट 0.11 प्रतिशत की तेजी के साथ 1,50,150 रुपए और चांदी का 05 मई 2026 का कॉन्ट्रैक्ट 0.49 प्रतिशत की बढ़त के साथ 2,32,245 रुपए पर था।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। सोने का दाम 0.11 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 4,680 डॉलर प्रति औंस और चांदी 1.39 प्रतिशत की गिरावट के साथ 71.815 डॉलर प्रति औंस पर था।
भारतीय शेयर बाजार लगातार चौथे दिन हरे निशान में बंद, सेंसेक्स 509 अंक उछला
भारतीय शेयर बाजार मंगलवार के कारोबारी सत्र में हरे निशान में बंद हुआ। दिन के अंत में सेंसेक्स 509.73 अंक या 0.69 प्रतिशत की तेजी के साथ 74,616.58 और निफ्टी 155.40 अंक या 0.68 प्रतिशत की मजबूती के साथ 23,123.65 पर था।
बाजार में तेजी का नेतृत्व आईटी शेयरों ने किया। निफ्टी आईटी इंडेक्स 2.5 प्रतिशत की तेजी के साथ सूचकांकों में टॉप गेनर था। इसके अलावा निफ्टी रियल्टी, निफ्टी मेटल, निफ्टी डिफेंस, निफ्टी एफएमसीजी, निफ्टी सर्विसेज, निफ्टी कमोडिटीज, निफ्टी पीएसई, निफ्टी एनर्जी और निफ्टी प्राइवट बैंक बढ़त के साथ बंद हुए। केवल निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और निफ्टी पीएसयू बैंक लाल निशान में थे।
सेंसेक्स पैक में एचसीएल टेक, टीसीएस, इन्फोसिस, भारती एयरटेल, सन फार्मा, टेक महिंद्रा, एचयूएल, आईटीसी, आईसीआईसीआई बैंक, मारुति सुजुकी, टाटा स्टील, एनटीपीसी, बजाज फिनसर्व, कोटक महिंद्रा बैंक और बजाज फाइनेंस टॉप गेनर्स थे। इंडिगो, एमएंडएम, टाइटन, ट्रेंट, एसबीआई, अल्ट्राटेक सीमेंट, एलएंडटी और इटरनल लूजर्स थे।
लार्जकैप के अपेक्षा मिडकैप और स्मॉलकैप में मिलाजुला कारोबार हुआ। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 107.90 अंक या 0.20 प्रतिशत की तेजी के साथ 54,600.55 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 9.75 की कमजोरी के साथ 15,843.30 पर था।
एसबीआई सिक्योरिटीज के फंडामेंटल रिसर्च हेड सन्नी अग्रवाल ने कहा कि मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार उतार-चढ़ाव भरे सत्र में बढ़त के साथ बंद हुए। सेंसेक्स में करीब 500 अंकों की बढ़त दर्ज की गई और निफ्टी 50 ने दिनभर की भारी गिरावट से उबरते हुए 23,100 के ऊपर बंद होने का रिकॉर्ड बनाया।
रुपया 10 पैसे टूटकर 93 प्रति डॉलर पर
रुपया मंगलवार को 10 पैसे टूटकर अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 93.00 (अस्थायी) पर रहा।अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने की समयसीमा और भारतीय रिज़र्व बैंक की मौद्रिक मौद्रिक नीति समीक्षा से पहले निवेशकों में चिंता बनी रही, जिससे घरेलू मुद्रा पर दबाव देखा गया।
विदेशी मुद्रा कारोबारियों के अनुसार, अस्थिर वैश्विक हालात के बीच विदेशी पूंजी की लगातार निकासी, मजबूत डॉलर और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण रुपया डॉलर के मुकाबले दबाव में बना हुआ है।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया डॉलर के मुकाबले 93.05 पर खुला। इसके बाद इसमें गिरावट आई और यह 93.07 प्रति डॉलर पर पहुंच गया, जो पिछले बंद भाव से 17 पैसे कम है। हालांकि, कारोबार के दौरान रुपया 92.86 प्रति डॉलर के उच्च स्तर तक भी गया।
अंत में रुपया 93.00 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर रहा, जो पिछले बंद भाव से 10 पैसे की गिरावट है।
भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा सट्टेबाजी पर रोक लगाने और मुद्रा में उतार-चढ़ाव कम करने के लिए उठाए गए कदमों के बाद, सोमवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 28 पैसे मजबूत होकर 92.90 पर बंद हुआ था।
आरबीआई ने सट्टेबाजी पर नियंत्रण के लिए नियम सख्त किए हैं और बैंकों की नेट ओपन पोजिशन (बैंकों के पास शुद्ध रूप से रखी जाने वाली विदेशी मुद्रा) की सीमा 10 करोड़ डॉलर तय की है।