अर्थजगत की खबरें: सॉफ्टबैंक के सीईओ ने 5 महीने में ही छोड़ी कंपनी, मेटा 2024 तक क्रिएटर्स से नहीं लेगा कमीशन

आईएमएफ से 6 अरब डॉलर के पैकेज की शेष राशि हासिल करने के लिए पाकिस्तान सरकार नये कर वसूलने और पेट्रोल पर कर बढ़ाने पर सहमत हो गई है। दूरसंचार विभाग ने टेलीक़ॉम कंपनियों को बड़ी राहत देते हुए 5जी स्पेक्ट्रम यूजेज चार्ज पर तीन प्रतिशत की फ्लोर दर हटा दी है।

फोटोः सोशल मीडिया
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नवजीवन डेस्क

सॉफ्टबैंक ग्रुप इंटरनेशनल के सीईओ ने पांच माह बाद ही छोड़ी कंपनी

सॉफ्टबैंक ग्रुप इंटरनेशनल के सीईओ के रूप में कमान संभालने के महज पांच माह बाद ही माइकल कॉम्स ने बुधवार को कंपनी को अलविदा कह दिया। सॉफ्टबैंक ग्रुप इंटरनेशनल के मौजूदा मैनेजिंग पार्टनर एलेक्स क्लावेल 30 जून को सीईओ के रूप में पदभार ग्रहण करेंगे। कंपनी के अनुसार, कॉम्स ने नई संभावनाओं की तलाश में सॉफ्टबैंक ग्रुप इंटरनेशनल छोड़ने का निर्णय लिया।

सॉफ्टबैंक ग्रुप के अध्यक्ष एवं सीईओ मासायोशी सोन ने कहा कि उन्हें भरोसा है कि एलेक्स क्लावेल सीईओ के रूप में अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभायेंगे। हाल में कंपनी का वैश्विक प्रदर्शन मनोनुकूल नहीं रहा है, जिसके कारण कई कर्मचारी कंपनी छोड़कर चले गए।

मेटा 2024 तक क्रिएटर्स से नहीं लेगा कमीशन

मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा है कि 2023 तक कमीशन नहीं लेने की उनकी पूर्व प्रतिज्ञा का एक साल का विस्तार करते हुए कंपनी 2024 तक 'किसी भी रेवेन्यू शेयरिंग पर रोक' रखेगी। एनगेजेट के अनुसार, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर क्रिएटर्स के पास अपनी कमाई में से कटौती किए बिना मेटा के ऐप से पैसे कमाने के लिए एक और साल होगा।

एनगेजेट की रिपोर्ट के अनुसार, यह कदम मुद्रीकरण सुविधाओं को कवर करेगा जहां निर्माता सीधे अपने प्रशंसकों भुगतान किए गए ऑनलाइन ईवेंट, सदस्यता, समाचार पत्र और लाइवस्ट्रीम के दौरान बेचे जाने वाले बैज से शुल्क लेते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि यह रील या अन्य वीडियो उत्पादों के लिए मेटा के विज्ञापन-संबंधी राजस्व साझाकरण सुविधाओं पर लागू नहीं होता है। सीईओ ने मंच पर रचनाकारों के लिए कई अन्य मुद्रीकरण अपडेट की भी घोषणा की।

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पाकिस्तान में फिर बढ़ेंगे पेट्रोल के दाम, IMF पैकेज के लिए सरकार कर बढ़ाने को तैयार

अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) से छह अरब डॉलर के पैकेज की शेष राशि हासिल करने के लिए पाकिस्तान सरकार नये कर वसूलने और पेट्रोल पर कर बढ़ाने के लिए सहमत हो गई है। पाकिस्तान सरकार ने 2019 में आईएमएफ के साथ 39 माह का पैकेज हासिल किया था। पाकिस्तान सरकार को छह अरब डॉलर की रकम किस्तों में मिलनी थी लेकिन अब तक आधी राशि ही मिल पाई है। इस साल फरवरी में आईएमएफ ने पाकिस्तान को किस्त जारी की और उसे मार्च में समीक्षा के बाद अगली किस्त जारी करनी थी लेकिन इसी बीच पेट्रोल-डीजल की सब्सिडी बढ़ने के कारण किस्त रोक दी गई।

शहबाज शरीफ की सरकार ने किस्त दोबारा शुरू करने के लिए आईएमएफ से गुहार की और इसे लेकर स्टाफ स्तर की बातचीत जारी थी। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तान ने पैकेज की शेष राशि पाने के लिए आईएमएफ की शर्तो को मान लिया है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, पाकिस्तान सरकार पेट्रोलियम उत्पाद पर कम से कम 50 रुपये का शुल्क लगाने पर राजी हुई है। पेट्रोलियम उत्पाद की कीमतों में यह बढ़ोतरी अगस्त 2022 से शुरू होगी।

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हाल में आईं कई 'बॉलीवुड फिल्में' नहीं वसूल पाईं निवेश पूंजी

पिछली कुछ तिमाहियों में बहुत कम बॉलीवुड फिल्में कैश काउंटरों पर बिकने में कामयाब रही हैं। एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज ने एक रिपोर्ट में कहा कि केवल तीन फिल्में 'द कश्मीर फाइल्स', 'भूल भुलैया 2' और 'सूर्यवंशी' निवेश की वसूली करने में कामयाब रही हैं। हालिया अंडरपरफॉर्मेंस पूर्व-कोविड समय के विपरीत है, जिसके दौरान 35-40 प्रतिशत नाटकीय रिलीज से उत्पादन लागत को कवर करने में सक्षम थे।

हाल ही में बॉलीवुड फिल्मों का प्रदर्शन स्पष्ट रूप से जबरदस्त रहा है, कई मध्यम से उच्च बजट की फिल्में बॉक्स ऑफिस पर छाप छोड़ने में नाकाम रही हैं। दूसरी ओर, क्षेत्रीय (दक्षिण) फिल्में दर्शकों को सिनेमाघरों की ओर आकर्षित करने में सफल रही हैं, रिपोर्ट में कहा गया है।

बॉलीवुड हमेशा से ही बॉक्स-ऑफिस कलेक्शन को बनाए रखने का मुख्य आधार रहा है। पूर्व-कोविड, यह कुल बॉक्स ऑफिस संग्रह का 60 प्रतिशत योगदान देता था। 16 प्री-कोविड क्वार्टरों में से 11 में बॉलीवुड फिल्में भी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्में थीं। हालांकि, महामारी के बाद के युग में, समग्र योगदान में काफी गिरावट आई है, क्योंकि बॉलीवुड फिल्में दर्शकों को आकर्षित करने में विफल रहीं।

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दूरसंचार विभाग ने 5जी स्पेक्ट्रम यूजेज चार्ज पर 3 प्रतिशत फ्लोर दर हटाई

दूरसंचार विभाग (डीओटी) ने दूरसंचार कंपनियों को बड़ी राहत देते हुए 5जी स्पेक्ट्रम यूजेज चार्ज पर तीन प्रतिशत की फ्लोर दर हटा दिया है। उद्योग जगत के मुताबिक, दूरसंचार कंपनियां फ्लोर दर हटाने की मांग कर रही थीं। दूरसंचार विभाग ने मंगलवार देर रात नया आदेश जारी किया, जिसमें तीन प्रतिशत की फ्लोर दर का उल्लेख नहीं था। इसका मतलब है कि यह दर हटा दी गई है। सेलुलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया ने डीओटी के इस आदेश का स्वागत किया है। एसोसिएशन के डीजी लेफ्टिनेंट जनरल डॉ. एस. पी. कोचर ने कहा कि इस आदेश से दूरसंचार कंपनियों को आने वाली नीलामी के बारे में स्पष्टता आएगी।

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गौरतलब है कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 15 जून को स्पेक्ट्रम नीलामी आयोजित करने के दूरसंचार विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी, जिसके माध्यम से सफल बोलीदाताओं को जनता और उद्यमों को 5जी सेवाएं प्रदान करने के लिए स्पेक्ट्रम सौंपा जाएगा। यह नीलामी विभिन्न (600 मेगाहट्र्ज, 700 मेगाहट्र्ज, 800 मेगाहट्र्ज, 900 मेगाहट्र्ज, 1800 मेगाहट्र्ज, 2100 मेगाहट्र्ज, 2300 मेगाहट्र्ज), मिड (3300 मेगाहट्र्ज) और हाई (26 गीगाहट्र्ज) फ्ऱीक्वेंसी बैंड के तहत स्पेक्ट्रम के लिए आयोजित की जाएगी।

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