अर्थतंत्र की खबरें: तेल कीमतों में उछाल, मजबूत डॉलर से सोना टूटा, चांदी स्थिर, अगस्त में खुदरा महंगाई बढ़कर 4.82% हुई

सोना टूटकर लगभग 4,300 डॉलर प्रति औंस और चांदी 64 डॉलर प्रति औंस रह गई, जो लगातार तीसरी साप्ताहिक गिरावट है क्योंकि निवेशकों ने फेडरल रिजर्व द्वारा संभावित ब्याज दर बढ़ोतरी को ध्यान में रखा है।

फोटो: सोशल मीडिया
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सर्राफा बाजार में सोमवार को सोने की कीमत 500 रुपये टूटकर 1,55,400 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गई। कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर में तेजी के बीच वैश्विक बाजारों में बिकवाली से सोने में गिरावट आई। 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाला सोना शुक्रवार को 1,55,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था।

स्थानीय कारोबारियों के अनुसार, इस गिरावट के रुख के उलट चांदी की कीमत 2,34,600 रुपये प्रति किलोग्राम (सभी कर सहित) पर स्थिर रही।

वैश्विक स्तर पर, हाजिर सोना 57.22 डॉलर या 1.3 प्रतिशत टूटकर 4,291.71 डॉलर प्रति औंस रह गया और चांदी की कीमत लगभग तीन प्रतिशत टूटकर 62.82 डॉलर रह गई।

निवेश मंच मुडरेक्स के लीड क्वांट विश्लेषक अक्षत सिद्धांत ने कहा कि सोना टूटकर लगभग 4,300 डॉलर प्रति औंस और चांदी 64 डॉलर प्रति औंस रह गई, जो लगातार तीसरी साप्ताहिक गिरावट है क्योंकि निवेशकों ने फेडरल रिजर्व द्वारा संभावित ब्याज दर बढ़ोतरी को ध्यान में रखा है। उन्होंने कहा कि कच्चे तेल की ऊंची कीमतों ने महंगाई की चिंता बढ़ा दी है, जिससे सोने और चांदी की मांग पर और दबाव पड़ा है।

भारत में खुदरा महंगाई अगस्त में बढ़कर 4.82 प्रतिशत पर पहुंची, सोना-चांदी और खाद्य कीमतों ने बढ़ाया दबाव

सांख्यिकी मंत्रालय द्वारा सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, नए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) शृंखला पर आधारित भारत की खुदरा महंगाई अगस्त 2026 में बढ़कर 4.82 प्रतिशत हो गई, जो पिछले वर्ष की इसी महीने की तुलना में मामूली बढ़ोतरी को दर्शाता है।

अगस्त के दौरान सबसे अधिक महंगाई चांदी के आभूषणों में दर्ज की गई, जिनकी कीमतों में 107.11 प्रतिशत की वृद्धि हुई। वहीं सोने के आभूषणों की कीमतों में 35.55 प्रतिशत का उछाल दर्ज किया गया।

अगस्त में कुल खाद्य महंगाई 5.95 प्रतिशत रही। इस दौरान प्याज, अदरक और लहसुन की कीमतों में क्रमशः 48.27 प्रतिशत, 73.82 प्रतिशत और 43.6 प्रतिशत की वृद्धि हुई। हालांकि, टमाटर की कीमतों में 31.09 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि आलू भी 13.14 प्रतिशत सस्ता हुआ।

अन्य वस्तुओं में कारों की कीमतों में भी कमी देखने को मिली और अगस्त के दौरान इनमें 6.72 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

सीपीआई-आधारित महंगाई अभी भी आरबीआई के निर्धारित 2 प्रतिशत से 6 प्रतिशत के सहनशीलता दायरे के भीतर है। इस दायरे का मध्य बिंदु 4 प्रतिशत है। आरबीआई की मौद्रिक नीति का लक्ष्य आर्थिक वृद्धि और मूल्य स्थिरता के बीच संतुलन बनाते हुए महंगाई को इसी सीमा के भीतर रखना है।

हालिया मौद्रिक नीति समीक्षा के बाद आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने कहा था कि मुख्य महंगाई दर लक्ष्य से ऊपर गई है, जिसका प्रमुख कारण ईंधन की ऊंची कीमतें हैं, जबकि व्यापक मूल्य दबाव अभी भी नियंत्रण में हैं। आर्थिक वृद्धि को समर्थन देने के लिए आरबीआई ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया।


चीनी की खुदरा कीमत लगातार चौथे दिन औसत 60 रुपये प्रति किलोग्राम से कम

सरकार के कई उपायों के बाद सोमवार को देशभर में चीनी की औसत खुदरा कीमत लगातार चौथे दिन 60 रुपये प्रति किलोग्राम से कम रही। हालांकि, त्योहारों से जुड़ी मांग के कारण कुछ क्षेत्रों में कीमतों पर बढ़ने का दबाव बना हुआ है।

उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, चीनी की औसत खुदरा कीमत सोमवार को 59.57 रुपये प्रति किलोग्राम रही, जो एक दिन पहले 58.99 रुपये प्रति किलोग्राम थी। शुक्रवार को चीनी की कीमत 60 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर से नीचे आ गई थी और पिछले तीन दिनों में इसमें और नरमी आई है।

औसत खुदरा कीमत अब भी 58.23 रुपये प्रति किलोग्राम से अधिक है। 21 अगस्त को यह कीमत इतनी थी, जब केंद्र ने पहली बार चीनी के आयात की अनुमति दी थी और मिठास देने वाली इस वस्तु की कीमतों पर अंकुश लगाने के लिए अन्य कदम उठाए थे।

मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को अधिकतम खुदरा कीमत 85 रुपये प्रति किलोग्राम पर स्थिर रही, जबकि न्यूनतम कीमत 40 रुपये प्रति किलोग्राम थी।

दक्षिणी राज्यों में आंध्र प्रदेश और कर्नाटक में खुदरा कीमतों में मामूली बढ़ोतरी हुई, जबकि तमिलनाडु और केरल में मामूली गिरावट दर्ज की गई।

आंध्र प्रदेश में औसत खुदरा कीमत सोमवार को बढ़कर 55.56 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई जो 21 अगस्त को 49.58 रुपये प्रति किलोग्राम थी। इसी अवधि में केरलम में यह 56.75 रुपये से मामूली बढ़कर 57.8 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई।

चीनी के प्रमुख उत्पादक राज्यों में कीमतों में नरमी आई। महाराष्ट्र में औसत खुदरा कीमत 59 रुपये से घटकर 58.22 रुपये प्रति किलोग्राम रह गई, जबकि उत्तर प्रदेश में यह 59.64 रुपये से घटकर 57.88 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई।

बैंक ऑफ बड़ौदा के नए मोबाइल ऐप के जरिये ग्राहक बोलकर भुगतान कर सकेंगे

सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक ऑफ बड़ौदा (बीओबी) ने अपने मोबाइल बैंकिंग ऐप में वॉयस कमांड सुविधा जोड़ी है, जिससे ग्राहक बोलकर भुगतान लेनदेन की शुरुआत करने के साथ उसे पूरा कर सकेंगे।

बैंक ने बयान में कहा कि कृत्रिम मेधा (एआई) से संचालित ‘बॉब वर्ल्ड 2.0’ ऐप में व्यक्तिगत वित्त प्रबंधन मॉड्यूल भी है। इसके जरिये ग्राहक अपनी वित्तीय स्थिति का समग्र आकलन कर सकते हैं।

बैंक के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) देबदत्त चंद ने कहा, “ग्राहक ऐसी सेवाओं की उम्मीद करते हैं जो सहज, बुद्धिमान, सुरक्षित और उनकी जरूरतों के अनुरूप हों। बॉब वर्ल्ड 2.0 के साथ हमने अपने ग्राहकों की जरूरतों को देखते हुए मोबाइल बैंकिंग को नए सिरे से तैयार किया है।”

बयान के अनुसार, ऐप में ‘आवाज-समर्थित भुगतान’ सुविधा है, जिसके जरिये ग्राहक बोलकर लेनदेन शुरू करने के साथ ऐप की दूसरी सुविधाओं तक पहुंच सकते हैं।