Gold-Silver Price Today: सोने-चांदी में गिरावट से निवेशकों को झटका, अमेरिका के इस आंकड़े ने बिगाड़ा पूरा खेल!
अमेरिका में उम्मीद से अधिक महंगाई के बाद फेड की ब्याज दर बढ़ाने की आशंका बढ़ी है, जिससे सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव देखने को मिला है।

अमेरिका में उम्मीद से ज्यादा महंगाई के आंकड़ों ने सोने और चांदी पर दबाव बढ़ा दिया है। बाजार में अब अमेरिकी फेडरल रिजर्व के ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना को लेकर उम्मीद बढ़ गई है। ब्याज दर बढ़ने की आशंका के बीच निवेशकों ने सोने में बिकवाली बढ़ाई है। सोमवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड करीब 0.9 फीसदी गिरकर 4,308.24 डॉलर प्रति औंस पर आ गया, जबकि अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स करीब 1.4 फीसदी की गिरावट के साथ 4,348.50 डॉलर प्रति औंस पर रहा। पिछले सप्ताह सोने की कीमतों में कुल 1.8 फीसदी की कमजोरी दर्ज की गई थी। चांदी भी करीब 0.8 फीसदी गिरकर 64 डॉलर प्रति औंस के आसपास आ गई, जबकि प्लैटिनम और पैलेडियम की कीमतों में भी नरमी रही।
MCX पर सुबह बंद रहा कारोबार, शाम को खुलेगा बाजार
घरेलू बाजार में सोमवार को गणेश चतुर्थी के कारण एमसीएक्स पर सोना और चांदी वायदा कारोबार का सुबह का सत्र बंद रहा। आज कारोबार शाम 5 बजे से रात 11:30 बजे तक होगा। ऐसे में सुबह उपलब्ध एमसीएक्स स्तर को आज का लाइव कारोबार रेट नहीं माना जा सकता। उपलब्ध स्तर के मुताबिक, अक्टूबर डिलीवरी वाला सोना वायदा करीब 1,52,655 रुपये प्रति 10 ग्राम और सितंबर डिलीवरी वाली चांदी 2,34,886 रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास थी।
अमेरिका में शुक्रवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, खाद्य और ऊर्जा कीमतों को हटाकर मापी जाने वाली कोर उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित महंगाई अगस्त में मासिक आधार पर 0.3 फीसदी बढ़ी। यह बाजार की उम्मीद से ज्यादा रही। इससे संकेत मिला कि महंगाई पर अभी पूरी तरह नियंत्रण नहीं पाया जा सका है। इसी के बाद फेड की ब्याज दर बढ़ाने की संभावना को लेकर बाजार की धारणा बदली है। कारोबारी अब सितंबर की बैठक में करीब 88 फीसदी संभावना देख रहे हैं कि फेड ब्याज दरों में बढ़ोतरी करेगा। ऊंची ब्याज दरें आमतौर पर सोने जैसी बिना ब्याज देने वाली परिसंपत्तियों के लिए नकारात्मक मानी जाती हैं।
महंगे तेल ने बढ़ाई महंगाई की चिंता
इस बीच पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और समुद्री आपूर्ति मार्गों पर जोखिम के कारण कच्चे तेल की कीमतों में भी तेज उछाल आया है। ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बना हुआ है। हौथी बलों ने यमन में महत्वपूर्ण बंदरगाहों पर कब्जा कर लिया है, जो उस महत्वपूर्ण तटीय रेखा से सटे हुए हैं जो दुनिया के समुद्री तेल व्यापार के एक बड़े हिस्से का आधार है।
रविवार को होर्मुज जलडमरूमध्य में ड्रोन हमलों और एक व्यापारिक पोत पर हमले के बाद सऊदी अरब ने अपनी पूर्व-पश्चिम पाइपलाइन को अस्थायी रूप से बंद कर दिया। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, इस घटना में एक व्यक्ति की मौत हुई और तीन लोग घायल हुए। तेल की ऊंची कीमतें वैश्विक महंगाई को और बढ़ा सकती हैं। विश्लेषकों के मुताबिक, इससे केंद्रीय बैंकों पर सख्त मौद्रिक नीति बनाए रखने का दबाव बढ़ सकता है। इसी वजह से निवेशकों ने सोने और चांदी में नई खरीदारी से फिलहाल दूरी बनाई है।
फेड के फैसले पर टिकी सोने-चांदी की नजर
आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीति बैठक और उसके ब्याज दर संबंधी फैसले पर रहेगी। अगर फेड दरें बढ़ाता है और आगे भी सख्त रुख के संकेत देता है, तो सोने और चांदी पर दबाव जारी रह सकता है। हालांकि, पश्चिम एशिया में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता अभी भी कीमती धातुओं को सुरक्षित निवेश के तौर पर कुछ सहारा दे सकती है।
ऐसे में आने वाले सप्ताह में सोने और चांदी की दिशा मुख्य रूप से फेड के फैसले और कच्चे तेल की कीमतों पर निर्भर करेगी। निवेशकों के लिए फेड की नीति और पश्चिम एशिया से जुड़े घटनाक्रम दोनों ही बाजार की अगली दिशा तय करने वाले अहम संकेत होंगे।
