अर्थ जगत की 5 बड़ी खबरें: कारोबार पर कोरोना की तगड़ी चोट और कच्चे तेल में लौटी तेजी

देश के कारोबार और उद्योग जगत पर कोरोना का गंभीर असर पड़ना शुरू हो गया है। उद्योग चैम्बर फिक्की के एक सर्वेक्षण में यह सामने आया है कि 73 फीसदी उद्योगपतियों के ऑर्डर बुक में कमी आई है। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम में 18 साल के निचले स्तर पर पहुंचने के बाद रिकवरी आई है।

फोटो: सोशल मीडिया
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नवजीवन डेस्क

कारोबार पर कोरोना की तगड़ी चोट, कारोबारियों के ऑर्डर बुक में आई भारी कमी

देश के कारोबार और उद्योग जगत पर कोरोना का गंभीर असर पड़ना शुरू हो गया है। उद्योग चैम्बर फिक्की के एक सर्वेक्षण में यह सामने आया है कि 73 फीसदी उद्योगपतियों के ऑर्डर बुक में कमी आई है। इस सर्वेक्षण में शामिल करीब 73 फीसदी उद्योगपतियों ने यह स्वीकार किया कि कोरोना की वजह से उनके कारोबार में कमी आई है। 50 फीसदी उद्योगपतियों का कहना है कि उनके ऑर्डर बुक में 20 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आ गई है जबकि, सिर्फ 8 फीसदी ने कहा है कि उनकी ऑर्डर बुक बढ़ी है।

रिलायंस समूह ने यस बैंक से मिले कर्ज को बताया पूरी तरह संरक्षित

रिलायंस समूह के चेयरमैन अनिल अंबानी गुरुवार को यस बैंक के प्रमोटर राणा कपूर और अन्य के खिलाफ धनशोधन के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों के समक्ष पेश हुए और स्पष्ट किया कंपनी को दिया गया सारा कर्ज यस बैंक के साथ पूरी तरह से संरक्षित (सिक्योर्ड) है। ईडी की पूछताछ के बाद रिलायंस समूह ने एक बयान में कहा, "अनिल अंबानी ने दोहराया कि यस बैंक से रिलायंस समूह को प्राप्त सारा कर्ज पूरी तरह सिक्योर्ड है।" बयान में कहा गया है कि रिलायंस सूमह और यस बैंक के बीच सारा लेन-देन नियम और वित्तीय विनियमनों के तहत हुआ है।

कच्चे तेल में लौटी तेजी, ट्रंप के हस्तक्षेप के संकेत से मिला सपोर्ट

अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम में 18 साल के निचले स्तर पर पहुंचने के बाद रिकवरी आई है। वहीं शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन तेजी का सिलसिला जारी रहा। अंतर्राष्ट्रीय बाजार से मिले संकेतों से घरेलू वायदा बाजार में भी कच्चे तेल में तेजी बनी रही। विदेशी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा तेल बाजार में छिड़ी कीमत जंग में हस्तक्षेप करने का संकेत मिलने के कारण तेल की कीमतों में तेजी आई है। हालांकि जानकार बताते हैं कि कोरोना के प्रकोप से दुनियाभर में आर्थिक गतिविधियां चरमरा गई हैं जिससे तेल की मांग कम हो गई है इसलिए कच्चे तेल के दाम में आगे तेजी बने रहने की उम्मीद कम है।

कोरोना का कहर : ऑटो, टैक्सी, खोमचे वालों की कमाई पर असर

कोरोना के कहर का असर ऑटो, टैक्सी और खोमचे वालों के साथ-साथ ट्यूशन टीचर की कमाई पर भी पड़ा है। कोरोनावायरस का प्रकोप लगातार पूरी दुनिया में गहराता जा रहा है, जिसके कारण एहतियात के तौर पर लोगों ने घूमने-फिरने या खरीदारी करने घरों से निकलना बंद कर दिया है, जिससे ऑटो, टैक्सी चालकों और रेहड़ी, खोमचे वालों की कमाई काफी घट गई है। बिहार के मोतीहारी निवासी रामबाबू देश की राजधानी दिल्ली में कई साल से ऑटो चलाते हैं। उन्होंने बताया कि जहां रोजाना वह 700-800 रुपये कमाते थे, वहां अब 200 रुपये कमाना भी मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि विदेशी पर्यटक तो नदारद हो गए हैं वहीं, दिल्ली के लोग भी घूमने-फिरने, खरीदारी करने के लिए नहीं निकल रहे हैं।

कोरोनावायरस : उड़ानें रद्द होने से लोग परेशान, एयरपोर्ट पर सन्नाटा

देश में कोरोनावायरस से हर तरफ डर का माहौल है, और इस वायरस को फैलने से रोकने के लिए केंद्र सरकार और कई राज्यों ने कई पाबंदियां लगा दी हैं। इसकी वजह से देश मे बंद जैसी स्थिति है। राष्ट्रीय राजधानी में हवाईअड्डे और मेट्रो में सन्नाटा है। हवाईअड्डे पर एक तो यात्री नहीं हैं, और जो हैं वें उड़ानें रद्द होने के कारण परेशान हैं। अंकित कुमार ऐसे ही एक यात्री हैं, जो घर जाने के लिए हवाईअड्डे पहुंचे, लेकिन उनकी उड़ान रद्द हो गई। अंकित नोएडा में एक निजी कम्पनी में काम करते हैं। उन्होंने आईएएनएस को बताया, "एयरपोर्ट पर इससे पहले मैंने कभी ऐसा मौहाल नहीं देखा था। सभी मॉस्क लगाए हुए हैं और अधिकांश उड़ानें रद्द हो गई हैं, जिसका मुख्य कारण यह है कि पैसेंजर ही नहीं हैं। एयरपोर्ट पर सन्नाटा है। इक्के -दुक्के लोग नजर आ रहे हैं। एयरपोर्ट लाइन मेट्रो में तो बिल्कुल सन्नाटा है।"

आईएएनएस के इनपुट के साथ

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