मध्य प्रदेश: छिंदवाड़ा के अफसर के पत्र पर कांग्रेस ने एमपी सरकार को घेरा, जीतू पटवारी बोले- यदि थोड़ी शर्म शेष हो तो...
जीतू पटवारी ने कहा कि सरकारी फरमान कह रहा है कि अब जनता न आए तो जबरन लाई जाए, अन्यथा निचले कर्मचारी सजा के हकदार हो जाएंगे। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पटवारी का आरोप है कि नैतिकता तो सरकार में पहले दिन से नहीं है, अब संवेदना भी समाप्त हो चुकी है।

मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में हुए हादसे के बाद कांग्रेस के हमले जारी हैं। अब कांग्रेस ने जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा अधीनस्थों को भीड़ जुटाने के लिए जारी किए गए पत्र का हवाला देते हुए एक बार फिर हमला बोला है।
एमपी के मुख्यमंत्री मोहन यादव के मोहखेड़ में आयोजित हितग्राही सम्मेलन को लेकर छिंदवाड़ा जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा जारी किए गए पत्र का हवाला देते हुए कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा है कि सरकारी आदेश दिया गया था कि पंचायत सचिव-रोजगार सहायक बसों से भीड़ जुटाना सुनिश्चित करें, भोजन व्यवस्था करें, अन्यथा कार्रवाई झेलें।
पटवारी ने कहा कि सरकारी फरमान कह रहा है कि अब जनता न आए तो जबरन लाई जाए, अन्यथा निचले कर्मचारी सजा के हकदार हो जाएंगे। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पटवारी का आरोप है कि नैतिकता तो सरकार में पहले दिन से नहीं है, अब संवेदना भी समाप्त हो चुकी है। यदि थोड़ी शर्म शेष हो तो यह जबरन भीड़ जुटाना बंद कीजिए।
पटवारी ने जनपद पंचायत सीईओ द्वारा सचिव और रोजगार सहायकों को जारी किया गया पत्र भी सार्वजनिक किया है। इस पत्र में कहा गया है कि मुख्यमंत्री का मोहखेड़ में आना हो रहा है और गांव के लोगों का कार्यक्रम में पहुंचना सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए वाहन उपलब्ध कराया जाएगा जबकि भोजन आदि की व्यवस्था पंचायत स्तर पर की जाएगी।
साथ ही, यह भी चेतावनी दी गई कि दिए गए निर्देशों का पालन न करने पर कड़ी कार्रवाई होगी। दरअसल 26 मार्च को छिंदवाड़ा के मोहखेड में हितग्राही सम्मेलन आयोजित किया गया था। इस सम्मेलन के बाद लौट रहे लोगों की बस ट्रक से टकरा गई थी, इस हादसे में 10 लोगों की मौत हुई थी जबकि 20 से ज्यादा लोग घायल हुए थे।
आईएएनएस के इनपुट के साथ