चक्रवात मोचा ने म्यांमार में दस्तक के साथ मचाई तबाही, घरों के छत उड़े, टावर गिरे, 3 लोगों की गई जान

मोचा ने दोपहर में म्यांमार के रखाइन के सितवे के पास दस्तक दी, जिसकी गति 209 किलोमीटर प्रति घंटा थी। तूफान पहले बांग्लादेश के सेंट मार्टिन द्वीप के ऊपर से नुकसान पहुंचाते हुए गुजरा, जिससे कई लोग घायल हो गए, लेकिन लैंडफॉल से पहले देश के तटों से दूर हो गया।

चक्रवात मोचा ने म्यांमार में दस्तक के साथ मचाई तबाही
चक्रवात मोचा ने म्यांमार में दस्तक के साथ मचाई तबाही
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नवजीवन डेस्क

भीषण चक्रवाती तूफान मोचा ने रविवार दोपहर म्यांमार में दस्तक देने के साथ ही भारी तबाही मचाई है। 209 किलोमीटर की रफ्तार से चल रही हवाओं और तेज बारिश के काऱण कई घरों के छत उड़ गए, मोबाइट टावर गिर गए। तूफान की तबाही में कम से कम 3 लोगों की मौत हो गई। तूफान के कहर से बचने के लिए देश में हजारों लोगों ने मठों, धर्म स्थलों और स्कूलों में आश्रय लिया है।

म्यांमार के मौसम विज्ञान विभाग ने कहा कि चक्रवात मोचा के केंद्र ने रविवार दोपहर म्यांमार के रखाइन राज्य में सितवे टाउनशिप के पास दस्तक दी, जिसकी गति 209 किलोमीटर (130 मील) प्रति घंटा थी। तूफान पहले बांग्लादेश के सेंट मार्टिन द्वीप के ऊपर से नुकसान पहुंचाते हुए गुजरा, जिससे कई लोग घायल हो गए, लेकिन लैंडफॉल से पहले देश के तटों से दूर हो गया।

रात हो जाने के कारण सितवे में नुकसान की भयावहता का पता नहीं चल पाया है। इससे पहले दिन में, तेज़ हवाओं ने सेल फोन टावरों को तोड़ दिया, जिससे अधिकांश क्षेत्र में संचार कट गया। संचार कटने से पहले स्थानीय मीडिया द्वारा एकत्र किए गए वीडियो में शहर की सड़कों बड़े पैमाने पर पानी बहता देखा गया। रखाइन स्थित मीडिया ने बताया कि सड़कों पर पानी भर गया और निचले इलाकों में लोग अपने घरों में फंस गए। शहर के बाहर चिंतित रिश्तेदारों ने बचाव के लिए अपील की।


म्यांमार के सैन्य सूचना कार्यालय ने कहा कि तूफान ने सितवे, क्यौकप्यू और ग्वा टाउनशिप में घरों, बिजली के ट्रांसफार्मर, सेल फोन टावरों, नावों और लैम्पपोस्ट को नुकसान पहुंचाया है। इसने कहा कि तूफान ने देश के सबसे बड़े शहर यांगून से लगभग 425 किलोमीटर (264 मील) दक्षिण पश्चिम में कोको द्वीप पर खेल भवनों की छतें भी गिरा दी हैं। सितवे के 3,00,000 निवासियों में से 4,000 से अधिक को दूसरे शहरों में ले जाया गया और 20,000 से अधिक लोगों ने मठों, पगोडा और शहर के ऊंचे इलाकों में स्थित स्कूलों जैसी मजबूत इमारतों में शरण ली है।

इस बीच बांग्लादेश मौसम विज्ञान विभाग के निदेशक मोहम्मद अजीजुर रहमान ने कहा है कि शाम तक चक्रवात के कमजोर पड़ने की संभावना है। सरकार ने रविवार को बहुत भारी वर्षा के पूवार्नुमान से जुड़ी एक भूस्खलन की आधिकारिक चेतावनी भी जारी की। चक्रवात के कारण दो फ्लोटिंग एलएनजी टर्मिनलों से गैस की आपूर्ति निलंबित कर दी गई थी। अधिकारियों ने मोचा के कारण सभी शैक्षिक बोर्ड के तहत सोमवार की माध्यमिक विद्यालय प्रमाणपत्र या एसएससी परीक्षाओं को निलंबित कर दिया है।

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