आने वाले हफ्तों में बढ़ सकते हैं हंता वायरस के मामले, फिलहाल वैश्विक खतरा नहीं: WHO
डब्ल्यूएचओ प्रमुख टेड्रोस के मुताबिक अब तक हंता वायरस से जुड़े 11 मामले सामने आए हैं, जिनमें तीन लोगों की मौत हो चुकी है। इन 11 मामलों में से नौ की पुष्टि एंडीज वायरस संक्रमण के रूप में हुई है, जबकि बाकी दो मामलों को संभावित माना जा रहा है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के महानिदेशक टेड्रोस अधानोम घेब्रेयसस ने मंगलवार हंता वायरस के और मामले सामने आने की बात कही। उन्होंने कहा कि क्रूज जहाज 'एमवी होंडियस' से यात्रियों को निकालने के बाद आने वाले हफ्तों में हंता वायरस के और मामले सामने आ सकते हैं। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि दुनिया भर में इस बीमारी का खतरा फिलहाल कम है।
मैड्रिड के मोनक्लोआ पैलेस में स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज के साथ हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में टेड्रोस ने कहा, “वायरस का इनक्यूबेशन पीरियड लंबा होता है, इसलिए आने वाले कुछ हफ्तों में और मामले देखने को मिल सकते हैं।” टेड्रोस के मुताबिक अब तक हंता वायरस से जुड़े 11 मामले सामने आए हैं, जिनमें तीन लोगों की मौत हो चुकी है। इन 11 मामलों में से नौ की पुष्टि एंडीज वायरस संक्रमण के रूप में हुई है, जबकि बाकी दो मामलों को संभावित माना जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारा आकलन अभी भी यही है कि वैश्विक स्तर पर सार्वजनिक स्वास्थ्य का खतरा कम है। फिलहाल किसी बड़े प्रकोप के संकेत नहीं मिले हैं।
टेड्रोस ने बताया कि डब्ल्यूएचओ की सलाह है कि जहाज से निकाले गए सभी यात्रियों की आखिरी संपर्क तारीख से 42 दिनों तक सक्रिय स्वास्थ्य निगरानी की जाए। यह निगरानी क्वारंटीन सेंटर या घर पर रहकर की जा सकती है और 21 जून तक जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि अगर किसी में लक्षण दिखाई देते हैं, तो उसे तुरंत अलग करके इलाज शुरू किया जाना चाहिए।
टेड्रोस ने स्पेन सरकार का धन्यवाद भी किया, जिसने जहाज को अपने यहां आने की अनुमति दी और पूरे निकासी अभियान की जिम्मेदारी संभाली। उन्होंने कहा कि स्पेन ने अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत अपनी जिम्मेदारी निभाने के साथ-साथ 'एकजुटता, संवेदनशीलता और इंसानियत' भी दिखाई।
स्पेन सरकार ने पांच मई को 'एमवी होंडियस' को आने की अनुमति दी थी। जब जहाज पर हंता वायरस फैलने की खबर आई। डब्ल्यूएचओ, यूरोपीय संघ और 20 से ज्यादा देशों ने यात्रियों और क्रू को सुरक्षित निकालने और उनके देश वापस भेजने में मदद मांगी थी। यह जहाज 10 मई को स्पेन के टेनेरिफ द्वीप के पास पहुंचा और अगले दिन ग्रेनाडिला बंदरगाह पर लगा। दो दिन चले इस अभियान के दौरान यात्रियों और कुछ क्रू सदस्यों को सख्त सुरक्षा और स्वास्थ्य नियमों के बीच जहाज से उतारा गया और फिर स्पेन से विशेष उड़ानों के जरिए भेजा गया।
प्रधानमंत्री सांचेज ने इस अभियान को 'सफल' बताया। उन्होंने कहा कि स्पेन ने 10 विशेष उड़ानों का इंतजाम किया, जिनके जरिए अलग-अलग देशों के 120 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला गया। उन्होंने बताया कि पूरा अभियान चार मुख्य सिद्धांतों पर आधारित था, 'वैज्ञानिक सटीकता', 'जानकारी में पूरी पारदर्शिता', 'संस्थाओं के बीच तालमेल' और 'अंतरराष्ट्रीय सहयोग'।
