यूक्रेन की राजधानी पर रूस ने की मिसाइलों की बारिश, कीव वासियों ने स्थायी रूप से मेट्रो सुरंगों में लिया शरण

बहुत से लोग दिन में बाहर जाते हैं और अपना जरूरी काम करते हैं। लेकिन रात के समय जब खतरा सबसे ज्यादा होता है तो यह जगह सैकड़ों लोगों से खचाखच भर जाती है। फर्श पर लोगों के बच्चे एक दूसरे के साथ खेलते रहते हैं और बड़े खतरों को लेकर चिंताएं साझा करते रहते हैं।

फोटोः IANS
फोटोः IANS
user

नवजीवन डेस्क

रूस का यूक्रेन पर हमला लगातार आठवें दिन भी जारी है। गुरुवार को रूसी आक्रमण तब और भीषण हो गया जब रूसी मिसाइलों ने यूक्रेन की राजधानी कीव को निशाना बनाया। लगातार रूसी मिसाइलों की बारिश से बचने के लिए कीव में कई लोग सुरक्षित माने जाने वाले मेट्रो सुरंगों में स्थायी रूप से चले गए हैं। कीव की अत्यंत गहरी मेट्रो सुरंगें छिपने के लिए एक आदर्श स्थान हैं।

70 वर्षीय वलोडिमिर बोरोडैन्स्की ने कहा, "बहुत से लोग दिन के दौरान बाहर जाते हैं, अपना काम करते हैं, घर जाते हैं, कपड़े धोते हैं या कपड़े बदलते हैं, मैं ऐसा ही करता हूं।" बुधवार को एक मिसाइल ठिक उनके पीछे फट गई जब वह अपने घर से वापस आ रहे थे और मेट्रो में प्रवेश कर रहे थे, जिससे वह सीढ़ियों से नीचे गिर गए।


लेकिन रात के समय जब खतरा सबसे ज्यादा होता है तो यह जगह सैकड़ों-सैकड़ों लोगों से खचाखच भर जाती है। फर्श पर आस-पास के स्थानों के बच्चे एक दूसरे के साथ खेलते रहते हैं और बड़े-बूढ़े आने वाले खतरों को लेकर चिंताएं साझा करते रहते हैं।

कीव इंडिपेंडेंट ने बताया कि मेट्रो सुरंगों में आश्रय लेने वालों को स्वयंसेवक भोजन, पानी और गर्म चाय देते हैं। लेकिन फिर भी यह भूख मिटाने के लिए काफी नहीं है और कीव वासियों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को इस बात की चिंता है कि आखिर ये युद्ध कब तक चलेगा और वे कब तक इस तरह सुरक्षित बचे रहेंगे।

नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia