दुनिया की खबरें: नववर्ष पर रूस ने यूक्रेन पर किए 200 ड्रोन हमले? और ईरान में आर्थिक संकट को लेकर विरोध प्रदर्शन
अब यूक्रेन ने रूस के ऊपर आरोप लगाया है कि नए साल के मौके पर उसने 200 से ज्यादा ड्रोन हमले किए हैं। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमीर जेलेंस्की ने तस्वीरें भी साझा की हैं।

रूस और यूक्रेन के बीच नए साल में भी तनाव कम होता नजर नहीं आ रहा है। बीते दिनों रूस ने दावा किया था कि यूक्रेन ने राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आवास पर हमला किया। वहीं, अब यूक्रेन ने रूस के ऊपर आरोप लगाया है कि नए साल के मौके पर उसने 200 से ज्यादा ड्रोन हमले किए हैं। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमीर जेलेंस्की ने तस्वीरें भी साझा की हैं।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की ने चार तस्वीरें और एक वीडियो साझा कर लिखा, "रूस जानबूझकर नए साल में युद्ध ले आया है, रातों-रात यूक्रेन के खिलाफ दो सौ से ज्यादा ड्रोन लॉन्च किए। उनमें से ज्यादातर को मार गिराया गया, और मैं अपने सभी योद्धाओं को धन्यवाद देता हूं जिन्होंने इस हमले को नाकाम कर दिया।"
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने आगे लिखा कि हमलों ने वोलिन, रिव्ने, जापोरिज्जिया, ओडेसा, सुमी, खार्किव और चेर्निहाइव इलाकों को निशाना बनाया। टारगेट हमारा एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर था। जहां भी जरूरी हो, बचाव दल मदद कर रहे हैं, और पावर इंजीनियर हमलों के बाद बिजली ठीक कर रहे हैं। मैं हमले के बाद की स्थिति से निपटने में शामिल हर व्यक्ति को धन्यवाद देता हूं।
जेलेंस्की ने एक्स पर आगे लिखा, "हत्याएं रोकनी होंगी, इंसानी जान की रक्षा में कोई रुकावट नहीं आ सकती। अगर नए साल की छुट्टियों में भी हमले नहीं रुकते, तो एयर डिफेंस डिलीवरी में देरी नहीं की जा सकती। हमारे साथियों के पास जरूरी सामान कम हैं। हमें उम्मीद है कि दिसंबर के आखिर में हमारी सुरक्षा के लिए अमेरिका के साथ जो भी तय हुआ था, वह समय पर मिल जाएगा। मैं यूक्रेन के साथ खड़े होने और हमारी सुरक्षा के लिए काम करने की उनकी तैयारी के लिए सभी का शुक्रगुजार हूं।"
नए साल के मौके पर दिए गए छोटे से संदेश में पुतिन ने युद्ध में शामिल सैनिकों को देश का नायक बताया। नए साल पर यह संदेश रूस के सुदूर पूर्वी क्षेत्र कमचटका से सबसे पहले प्रसारित हुआ। यह जानकारी द मॉस्को टाइम्स की रिपोर्ट में सामने आई।
पुतिन ने अपने सैनिकों और कमांडरों से कहा कि देश को आप पर भरोसा है और जीत हमारी होगी। यह संदेश ऐसे समय प्रसारित किया गया, जब रूस एक लंबे और महंगे संघर्ष की पृष्ठभूमि में अपनी मुख्य सार्वजनिक छुट्टी मना रहा था। इस युद्ध में दोनों पक्षों को भारी नुकसान हुआ है। माना जा रहा है कि रूस और यूक्रेन, दोनों तरफ सैन्य हताहतों की संख्या हजारों में है। वहीं, लाखों यूक्रेनी नागरिकों को अपना घर छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा है।
अमेरिका ने वेनेजुएला की चार तेल कंपनियों पर कसा शिकंजा, तेल टैंकरों पर भी लगाया बैन
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला की तेल कंपनियों पर नई पाबंदी लगाई है। अमेरिका के वित्त विभाग ने वेनेजुएला की तेल इंडस्ट्री से जुड़ी चार कंपनियों पर प्रतिबंध लगाया है। इसके साथ ही इन चारों कंपनियों से जुड़े तेल टैंकरों को बढ़ते बैन की लिस्ट में जोड़ा।
अमेरिकी मीडिया की ओर से साझा जानकारी के अनुसार अमेरिका ने वेनेजुएला पर दबाव बनाने के लिए यह कदम उठाया है। अमेरिकी वित्त विभाग के दफ्तर ने बुधवार को इसकी जानकारी देते हुए कहा कि बैन एरीज ग्लोबल इन्वेस्टमेंट एलटीडी, कॉर्नियोला लिमिटेड, क्रेप मर्टल कंपनी एलटीडी और विंकी इंटरनेशनल लिमिटेड के साथ-साथ उनसे जुड़े जहाजों डेला, वैलिएंट, नॉर्ड स्टार और रोजालिंड पर लगाया गया है।
विभाग की ओर से जारी बयान में कहा गया, "आज की कार्रवाई इस बात का और इशारा करती है कि वेनेजुएला के तेल व्यापार में शामिल लोगों पर अभी भी बड़े बैन का खतरा बना हुआ है।"
वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने एक बयान में कहा, “राष्ट्रपति ट्रंप ने साफ कहा है: हम गैर-कानूनी मादुरो सरकार को तेल एक्सपोर्ट करके फायदा नहीं उठाने देंगे, जबकि वह अमेरिका में जानलेवा ड्रग्स की बाढ़ ला रही है। वित्त विभाग, मादुरो सरकार पर राष्ट्रपति ट्रंप के दबाव वाले अभियान को लागू करना जारी रखेगा।”
इसके अलावा, विभाग ने इन जहाजों को वेनेजुएला की सेवा करने वाले गुप्त समुद्री जहाजी बेड़े का हिस्सा बताया। ट्रंप सरकार की तरफ से की गई इस हालिया कार्रवाई से पहले अमेरिका ने इस हफ्ते की शुरुआत में वेनेजुएला और ईरान में मौजूद 10 कंपनियों और लोगों पर बैन लगाया था।
अमेरिका का कहना है कि वेनेजुएला और ईरान ने बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन तकनीक का बड़े स्तर पर व्यापार किया था। दूसरी ओर, अमेरिका ने इस इलाके में अपनी सैन्य मौजूदगी बढ़ा दी है। बता दें, अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी और परिवार के सदस्यों और साथियों पर भी बैन लगाया है।
रूसी रक्षा मंत्रालय का दावा, ' हमने मार गिराए 250 यूक्रेनी ड्रोन, 12 मास्को पर हमले की कोशिश में नष्ट'
रूसी रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि उसके मजबूत एयर डिफेंस सिस्टम ने पिछले दिनों यूक्रेन की ओर से भेजे गए 250 ड्रोन को मार गिराया, जिनमें से 12 ड्रोन मास्को क्षेत्र को निशाना बनाने वाले थे। मंत्रालय के बयान के अनुसार, ये ड्रोन रात के समय हमला करने की कोशिश कर रहे थे।
इसके अलावा, रूसी एयर डिफेंस ने एक हवाई बम और यूक्रेन के एक एसयू-27 लड़ाकू विमान को भी नष्ट किया है।
रूसी सेनाओं ने यूक्रेनी ऊर्जा सुविधाओं, गोला-बारूद डिपो, ड्रोन असेंबली साइटों के साथ-साथ यूक्रेनी सशस्त्र बलों और विदेशी भाड़े के सैनिकों के 154 अस्थायी तैनाती स्थलों पर हमले किए हैं।
रूस के रक्षा मंत्रालय ने बुधवार को एक फ्लाइट मैप और वीडियो फुटेज जारी किया, जिसमें दावा किया गया कि ये रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सरकारी आवास पर हमले की कोशिश में इस्तेमाल किए गए अनमैन्ड एरियल व्हीकल (यूएवी) का मलबा है।
नियमित प्रेस ब्रीफिंग में, मंत्रालय ने इंटरसेप्ट किए गए ड्रोन का फुटेज दिखाया, जिसमें बर्फ में बिखरे काले यूएवी के टुकड़े, लकड़ी के कुछ हिस्से और लाल बिजली के तार दिख रहे थे।
ईरान में आर्थिक संकट को लेकर विरोध प्रदर्शन तेज, ‘रिवोल्यूशनरी गार्ड’ के सदस्य की मौत
ईरान के पश्चिमी प्रांत में खराब अर्थव्यवस्था के खिलाफ भड़के विरोध-प्रदर्शनों के दौरान ‘रिवोल्यूशनरी गार्ड’ के एक स्वयंसेवक सदस्य की मौत हो गई। प्राधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। प्रदर्शनों के दौरान सुरक्षा बलों में यह पहली मौत बताई जा रही है।
बुधवार रात ‘बासिज फोर्स’ के 21 वर्षीय स्वयंसेवक की मौत को लेकर आशंका जताई जा रही है कि इससे प्रदर्शनों के खिलाफ ईरान की सरकार की कार्रवाई और सख्त हो सकती है। राजधानी तेहरान में प्रदर्शन भले ही धीमे पड़े हों, लेकिन अन्य प्रांतों में फैल रहे हैं।
सरकारी समाचार एजेंसी ‘इरना’ ने ‘रिवोल्यूशनरी गार्ड’ के सदस्य की मौत की पुष्टि की, हालांकि विस्तृत जानकारी नहीं दी। बासिज के करीबी माने जाने वाले ‘स्टूडेंट न्यूज नेटवर्क’ ने लोरेस्तान प्रांत के डिप्टी गर्वनर सईद पौराली के हवाले से कहा कि प्रदर्शकारी इस मौत के जिम्मेदार हैं।
पौराली के अनुसार, “इस शहर में लोक-व्यवस्था की रक्षा के दौरान गार्ड का सदस्य शहीद हो गया।” उन्होंने बताया कि बासिज के 13 अन्य सदस्य और पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
उन्होंने कहा कि ये प्रदर्शन आर्थिक संकट, महंगाई के कारण हो रहे हैं और आजीविका संबंधी चिंताओं की अभिव्यक्ति हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि नागरिकों की चिंताओं का निवारण समझदारी से किया जाना चाहिए। ये प्रदर्शन तेहरान से करीब 400 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में स्थित कौहदाश्त शहर में हुए।
देश के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन के नेतृत्व वाली सरकार प्रदर्शनकारियों से संवाद की कोशिश कर रही है।
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