दुनिया की खबरें: ईरान ने इजराइल के हमले के बाद खाड़ी में गैस फील्ड और रिफाइनरियों पर किए हमले और ट्रंप की धमकी

ईरान ने खाड़ी देशों में तेल और गैस के प्रतिष्ठानों पर हमले बढ़ा दिए और इस तरह युद्ध की स्थिति गहराती जा रही है और वैश्विक अर्थव्यवस्था को भी प्रभावित कर रही है

फोटो: IANS
i
user

नवजीवन डेस्क

ईरान ने अपने एक प्रमुख गैस फील्ड पर इजराइल के हमले के जवाब में खाड़ी देशों में तेल और गैस के प्रतिष्ठानों पर हमले बढ़ा दिए और इस तरह युद्ध की स्थिति गहराती जा रही है और वैश्विक अर्थव्यवस्था को भी प्रभावित कर रही है। इन हमलों के बाद ईंधन के दामों में तेजी से वृद्धि हुई और ईरान के पड़ोसी अरब देशों के सीधे संघर्ष के दायरे में आने का खतरा बढ़ गया है।

होर्मुज जलडमरूमध्य में ईरान के लगातार अवरोधों के कारण पहले से दबाव में बनी हुई वैश्विक आपूर्ति ईरान के इन हमलों से और अधिक दबाव में आ रही है। इस क्षेत्र में संयुक्त अरब अमीरात के तट के पास एक जहाज में आग लगा दी गई और कतर के पास एक अन्य जहाज क्षतिग्रस्त हो गया। एक ईरानी ड्रोन से लाल सागर में स्थित सऊदी अरब की एक रिफाइनरी को निशाना बनाया गया।

इजराइल और अमेरिका द्वारा 28 फरवरी को ईरान पर हमलों के साथ युद्ध शुरू होने के बाद से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल की कीमत 118 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गईं। तेल के अंतरराष्ट्रीय मानक ‘ब्रेंट क्रूड’ की कीमत युद्ध शुरू होने के बाद से 60 प्रतिशत से अधिक बढ़ गई है।

कतर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात ने ईरान के हमलों की निंदा की। अरब लीग के महासचिव अहमद अबूल घीत ने इसे खतरनाक तरीके से उकसावे वाला बताया।

सऊदी अरब ने बताया कि एक ड्रोन ने लाल सागर के किनारे स्थित बंदरगाह शहर यानबू में देश की एसएएमआरईएफ रिफाइनरी पर बृहस्पतिवार को हमला किया।

सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि नुकसान का आकलन किया जा रहा है लेकिन उसने इस बारे में विस्तार से कुछ नहीं बताया। यह हमला कुवैत की दो तेल रिफाइनरी पर ड्रोन हमले के बाद हुआ।

ईरान ने फारस की खाड़ी में ‘साउथ पार्स’ प्राकृतिक गैस क्षेत्र पर बुधवार को किये गये इजराइली हमले के जवाब में ये हमले किए।

यदि ईरान ने कतर पर दोबारा हमला किया तो अमेरिका जवाबी कार्रवाई करेगा: ट्रंप

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आश्वासन दिया कि इजराइल ईरान के प्रमुख गैस क्षेत्र ‘साउथ पार्स’ पर और हमले नहीं करेगा लेकिन उन्होंने साथ ही कहा कि अगर ईरान ने कतर पर फिर हमला किया तो अमेरिका जवाबी कार्रवाई करेगा और उस ‘‘पूरे क्षेत्र को उड़ा देगा।’’

वैश्विक ऊर्जा बाजारों में उथल-पुथल और कतर पर ईरानी मिसाइल हमलों के बीच ट्रंप ने बुधवार रात सोशल मीडिया पर यह टिप्पणी की।

ट्रंप ने कहा, ‘‘मैं इस पैमाने की हिंसा और विनाश की अनुमति नहीं देना चाहता क्योंकि इसका ईरान के भविष्य पर दीर्घकालिक असर पड़ेगा।’’

उन्होंने कहा कि लेकिन अगर कतर के तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) स्थलों पर फिर हमला हुआ तो वह ऐसा करने में कतई हिचकिचाएंगे नहीं।

इजराइल के हमलों में ईरान के खुफिया मंत्री की मौत हो गई है। इजराइल ने शीर्ष ईरानी नेतृत्व के खिलाफ अपना अभियान जारी रखते हुए बुधवार को ईरान के अपतटीय प्राकृतिक गैस क्षेत्र पर कथित तौर पर हमला किया जिससे क्षेत्र की आर्थिक जीवनरेखा यानी ऊर्जा पर दबाव और बढ़ गया।

ईरान ने उसके विशाल प्राकृतिक गैस क्षेत्र ‘साउथ पार्स’ पर हुए हमले की निंदा की। ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने इन हमलों के ऐसे ‘‘अनियंत्रित परिणाम’’ होने की चेतावनी दी, जो ‘‘पूरी दुनिया को अपनी चपेट में ले सकते हैं।’’

‘साउथ पार्स’ अपतटीय प्राकृतिक गैस क्षेत्र पर इजराइल के हमले के बाद ईरान ने खाड़ी क्षेत्र के अपने पड़ोसी देशों के ऊर्जा प्रतिष्ठानों पर हमले तेज कर दिए और कतर के गैस केंद्रों को निशाना बनाया। इसके जवाब में कतर ने ईरानी दूतावास के अधिकारियों को 24 घंटे के भीतर देश छोड़ने का आदेश दिया।

तेहरान ने संयुक्त अरब अमीरात के हबशान गैस संयंत्र और बाब क्षेत्र को भी निशाना बनाया जिसे वहां की सरकार ने युद्ध में ‘‘उकसाने वाला खतरनाक कदम’’ बताया। अबू धाबी के अधिकारियों ने कहा कि इन स्थलों पर गैस परिचालन बंद कर दिया गया था।


पाकिस्तान: कराची में भारी बारिश और आंधी-तूफान से कम से कम 19 लोगों की मौत

पाकिस्तान के कराची में भारी बारिश और आंधी-तूफान से जुड़ी घटनाओं में कम से कम 19 लोगों की मौत हो गई। बुधवार रात भारी बारिश होने और तेज हवाएं चलने के कारण मकानों की छतें तथा दीवारें ढह गईं, जगह-जगह पेड़ और साइनबोर्ड गिर गए।

पाकिस्तान मौसम विज्ञान विभाग ने बृहस्पतिवार को और अधिक बारिश होने और तेज हवाएं चलने का पूर्वानुमान व्यक्त किया है।

कोरांगी के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संगहार मलिक ने बताया कि दूरभाष केंद्र की छत और दीवार ढह जाने से 12 लोगों की मौत हो गई। ये लोग वहां चाय पी रहे थे।

उन्होंने कहा, ‘‘तेज हवाओं, आंधी-तूफान और बारिश के कारण सईदबाद क्षेत्र के मोचको गोठ में एक इमारत ढह गई।’’ एसएसपी ने कहा कि बचाव दल अब भी मलबा हटा रहा है तथा मलबे के नीचे और भी लोग हो सकते हैं।

पुलिस उप महानिरीक्षक असद रजा ने बृहस्पतिवार सुबह मीडिया को बताया कि कोरांगी में और लोगों के हताहत होने की सूचना मिली है, जहां एक घर की छत गिर जाने से वहां रहने वाले दंपति की मौत हो गई जबकि मलिर में दो लोग आकाशीय बिजली की चपेट में आ गए।

उन्होंने बताया कि लांधी क्षेत्र की मजीद कॉलोनी से भी लोगों के हताहत होने की सूचना मिली है, जबकि क्लिफ्टन क्षेत्र में एक गिरे हुए पेड़ के नीचे से एक महिला का शव बरामद किया गया है।

ईरान की सभी 11 पनडुब्बियां 'नष्ट हो चुकी हैं': हेगसेथ

अमेरिका के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा है कि ईरान का ‘‘सतही बेड़ा अब कोई मायने नहीं रखता’’ और ‘‘उनकी पनडुब्बियां अब नष्ट हो चुकी हैं।’’ हेगसेथ ने कहा कि ईरान के पास कभी 11 से अधिक पनडुब्बियों का बेड़ा था और अब उसके पास पनडुब्बियां समाप्त हो चुकी हैं।

अमेरिकी रक्षा मंत्री द्वारा संदर्भित पनडुब्बियों को फारस की खाड़ी और होर्मुज जलडमरूमध्य के लिए तैयार किया गया है।

हेगसेथ ने कहा कि उन्होंने ईरान युद्ध में मारे गए सैन्य कर्मियों के परिवारों से कहा था कि अमेरिकी सेना ‘‘इसे खत्म कर देगी।’’

उन्होंने कहा कि सैन्य कर्मियों के परिवारों ने उनसे कहा था कि वे चाहते हैं कि अमेरिकी सेना ‘‘इस काम को पूरा करे। उनके बलिदान का सम्मान करे। डगमगाए नहीं। काम पूरा होने तक रुके नहीं।’’

हेगसेथ ने कहा, ‘‘राष्ट्रपति के साथ-साथ मेरी प्रतिक्रिया भी सरल थी: निश्चित रूप से हम इसे पूरा करेंगे। हम उनके बलिदान का सम्मान करेंगे। उनका बलिदान हमारे संकल्प को और भी मजबूत बनाता है।’’


पेंटागन ने ईरान युद्ध के लिए 200 अरब डॉलर की अतिरिक्त राशि मांगी

अमेरिका प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार पेंटागन ईरान युद्ध के लिए 200 अरब डॉलर की अतिरिक्त धनराशि की मांग कर रहा है। पहचान जाहिर नहीं होने की शर्त पर अधिकारी ने बताया कि पेंटागन ने यह अनुरोध व्हाइट हाउस को भेजा है।

यह बहुत बड़ी राशि है, और यह उस अतिरिक्त कोष के अलावा होगी जो रक्षा विभाग को पिछले साल ट्रंप के बड़े कर कटौती विधेयक के तहत पहले ही मिल चुकी है।

कांग्रेस एक नए व्यय के अनुरोध के लिए तैयार हो रही है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं है कि व्हाइट हाउस ने इस अनुरोध को विचारार्थ आगे बढ़ाया है या नहीं। यह भी साफ नहीं है कि इस व्यय अनुरोध को समर्थन मिल पाएगा या नहीं।