एक सॉफ्टवेयर अपडेट... और थम गए दुनिया भर में 6000 विमानों के पहिए, DGCA ने जारी की जरूरी सेफ्टी गाइडलाइन
एयरबस की मानें, तो दुनिया भर के लगभग 6000 जेट्स को अपना सॉफ्टवेयर अपडेट करना होगा। इन फ्लाइट्स को अपनी रेगुलर सर्विस से पहले इस सॉफ्टवेयर अपडेट को इंस्टॉल करना होगा।

दुनिया भार के हवाई यात्रियों को एक बार फिर से परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। दरअसल, एक सॉफ्टवेयर अपडेट की वजह से प्रभावित हो रही हैं। एयरबस ने A320 फैमिली के एअरक्राफ्ट्स का एक अर्जेंट सॉफ्टवेयर अपडेट किया है जिसकी वजह से यह परेशानी आ रही है। कंपनी ने इन एअरक्राफ्ट्स में जल्द से जल्द सॉफ्टवेयर अपडेट इंस्टॉल करने के लिए कहा है।
एयरबस की मानें, तो दुनिया भर के लगभग 6000 जेट्स को अपना सॉफ्टवेयर अपडेट करना होगा। इन फ्लाइट्स को अपनी रेगुलर सर्विस से पहले इस सॉफ्टवेयर अपडेट को इंस्टॉल करना होगा।
डीजीसीए ने एयरबस एयरक्राफ्ट के लिए सेफ्टी गाइडलाइन की जारी
इधर, भारत में विमानन नियामक डीजीसीए की ओर से शनिवार को एयरबस ए318, ए319,ए320 और ए321 एयरक्राफ्ट के लिए एक जरूरी सेफ्टी गाइडलाइन जारी की गई है।
सेफ्टी गाइडलाइन में यह साफ किया गया है कि कोई भी एयरक्राफ्ट जरूरी सेफ्टी स्टैंडर्ड को पूरा किए बिना सर्विस में नहीं रहेगा।
एक नोटिफिकेशन में डीजीसीए ने ऑपरेटरों को अपने कम्प्लायंस रिकॉर्ड को अपडेट करने का निर्देश दिया है।
विमानन नियामक ने कहा, "नीचे दिए गए विषयों का निरीक्षण/या मॉडिफिकेशन जरूरी है। कृपया नीचे दी गई मॉडिफिकेशन लिस्ट में जरूरी बदलाव करें।"
सेफ्टी गाइडलाइन में आगे कहा गया, "यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि कोई भी व्यक्ति ऐसे प्रोडक्ट को ऑपरेट न करे जो इस मैंडेटरी मॉडिफिकेशन के तहत आते हैं, सिवाय उनके जो मैंडेटरी मॉडिफिकेशन की जरूरतों और प्रयोज्य उड़न योग्यता निदेशों की अपेक्षाओं के अनुरूप हों।"
विमानन नियामक के अनुसार, "इस बात की पुष्टि की जाए कि इस क्षेत्र में संबंधित सभी ऑपरेटर्स को मैंडेटरी मोडिफिकेशन / निरीक्षण के बारे में सूचित किया जाए और आपके ऑफिस में रखी गई मास्टर मैंडेटरी मोडिफिकेशन लिस्ट अपडेटेड हो। आपसे अनुरोध है कि उड़ान योग्यता प्रक्रिया मैनुअल भाग- अध्याय 7 के अनुसार अनुपालन कार्रवाई की पुष्टि करें।"
इससे पहले एयरबस की ओर से कहा गया कि ए320 विमान से जुड़ी एक हालिया घटना के एनालिसिस से पता चला है कि इंटेंस सोलर रेडिएशन फ्लाइट कंट्रोल के लिए जरूरी डेटा को करप्ट कर सकती है। कंपनी की ओर से प्रिकॉशनरी एक्शन के लिए ग्लोबल एलर्ट जारी किया।
इंडिगो और एयर इंडिया की ओर से एडवाइजरी जारी
एविएशन कंपनी ने इस इंटेंस सोलर रेडिएशन के कारण एयरक्राफ्ट में फ्लाइट कंट्रोल डेटा से जुड़े संभावित सुरक्षा जोखिम को दूर करने के लिए एक सॉफ्टवेयर अपडेट की घोषणा की है।
इस बीच, इंडिगो और एयर इंडिया की ओर से भी ए320 विमानों की उड़ानों में देरी को लेकर एडवाइजरी जारी कर दी गई है।
इंडिगो और एयर इंडिया मिलकर इस कैटेगरी में 350 से अधिक एयरक्राफ्ट इस्तेमाल करते हैं। सॉफ्टवेयर फिक्स इंस्टॉल करने के लिए भारत में एयरक्राफ्ट को कुछ समय के लिए ग्राउंड करना होगा, इस प्रोसेस से ऑपरेशनल दिक्कतें आ सकती हैं।
सूत्रों के अनुसार, एयरबस सॉफ्टवेयर अपडेट में दो से तीन दिन लगेंगे और एयरलाइंस को उम्मीद है कि सोमवार या मंगलवार तक फ्लाइट्स नॉर्मल शेड्यूल पर वापस आ जाएंगी।
आईएएनएस के इनपुट के साथ
Google न्यूज़, नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें
प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia