राघव चड्ढा पर AAP का एक्शन, राज्यसभा उपनेता पद से हटाए गए, अशोक मित्तल को मिली जिम्मेदारी
आम आदमी पार्टी ने राघव चड्ढा को राज्यसभा के उपनेता पद से हटाकर अशोक मित्तल को जिम्मेदारी सौंप दी है और साथ ही संसद में उनके बोलने के समय में भी कटौती के संकेत दिए हैं।

आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को बड़ा झटका देते हुए उन्हें राज्यसभा के उपनेता पद से हटा दिया है। उनकी जगह अब अशोक मित्तल को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। पार्टी ने राज्यसभा सचिवालय से यह भी कहा है कि चड्ढा को सदन में पार्टी के नेता के तौर पर बोलने का मौका न दिया जाए, जिससे उनकी बोलने की भूमिका भी सीमित हो जाएगी।
संसद में बोलने के समय पर भी असर
मीडिया रिपोर्ट्स मुताबिक, इस फैसले का असर अब राघव चड्ढा के संसद में बोलने के समय पर भी पड़ेगा और उनके लिए आवंटित समय में कटौती हो सकती है। हाल के महीनों में चड्ढा संसद में आम लोगों से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाते रहे थे, जिनमें एयरपोर्ट पर 10 रुपये की चाय और डिलीवरी बॉयज से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहे हैं।
पार्टी लाइन से अलग रुख बना कार्रवाई की वजह?
खबरों में कहा जा रहा है कि राघव चड्ढा कई बार पार्टी से चर्चा किए बिना ही मुद्दों पर बोल रहे थे। वह किन विषयों पर सदन में अपनी बात रखेंगे, इसकी जानकारी भी पार्टी नेतृत्व को पहले से नहीं देते थे। बताया जा रहा है कि इसको लेकर उन्हें पहले चेतावनी भी दी गई थी। हालांकि, पार्टी ने आधिकारिक तौर पर इस कार्रवाई के कारणों को स्पष्ट नहीं किया है, लेकिन अनुशासनहीनता और पार्टी लाइन से अलग रुख अपनाना संभावित वजह माना जा रहा है।
सियासी चर्चाओं में पहले से था संकेत
राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा पहले से थी कि राघव चड्ढा कई बार पार्टी की आधिकारिक लाइन से अलग नजर आते हैं। हाल ही में जब अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को शराब कांड मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट से राहत मिली, तब भी चड्ढा की ओर से कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। ऐसे संकेतों के बीच पार्टी का यह कदम संगठन के भीतर अनुशासन को लेकर सख्ती के रूप में देखा जा रहा है।