हाईवे पर एक्सीडेंट के बाद लाश के चीथड़े उड़े, कोहरे में वाहनों के नीचे आने से सिर्फ उंगली-कान और बाल मिले

पुलिस ने जब सोमवार रात की सीसीटीवी फुटेज चेक की तो उसमें सिर्फ घना कोहरा और गाड़ियों की आवाजाही ही दिखाई दे रही थी। पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान करना इसलिए मुश्किल है कि बॉडी का एक भी पार्ट सुरक्षित नहीं बचा है।

हाईवे पर एक्सीडेंट के बाद लाश के चीथड़े उड़े
हाईवे पर एक्सीडेंट के बाद लाश के चीथड़े उड़े
user

नवजीवन डेस्क

दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के नेशनल हाईवे 9 पर सोमवार रात एक अज्ञात वाहन की चपेट में आकर एक व्यक्ति की मौत हो गई। पुलिस को उसकी मौत की जानकारी सुबह कोहरा कम होने के बाद मिली। लेकिन, तब तक वाहनों की चपेट में आने से शव के चिथड़े उड़ चुके थे और पुलिस को जांच के लिए सिर्फ उंगली, कान और सिर के बाल ही मिले।

पुलिस ने सड़क पर चिपक चुकी लाश को खुरचकर बाहर निकलवाया और फिर आगे की करवाई के लिए भिजवाया है। पुलिस ने जब सोमवार रात की सीसीटीवी फुटेज चेक की तो उसमें सिर्फ घना कोहरा और गाड़ियों की आवाजाही ही दिखाई दे रही थी। पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान करना इसलिए मुश्किल है कि बॉडी का एक भी पार्ट सुरक्षित नहीं बचा है। यहां तक कि पोस्टमॉर्टम कराने के लिए भी कुछ नहीं है। पुलिस ने सड़क पर चिपके मांस के लोथड़े जैसे-तैसे खुरचे और जांच के लिए भेज दिए हैं।


पुलिस ने बताया कि मौके से कुछ सिर के बाल और एक क्षतिग्रस्त उंगली और कान का टुकड़ा मिला है। इन्हें जांच के लिए भेजा जा रहा है। ये हादसा गाजियाबाद-हापुड़ हाईवे पर वेव सिटी थाना क्षेत्र में सद्भावना कट के नजदीक हुआ। सोमवार रात में किसी को कुछ पता नहीं चला। मंगलवार सुबह जब कुछ लोग घूम रहे थे तो उनकी नजर सड़क पर गई। उन्हें ऐसा लगा, जैसे रात यहां कोई एक्सीडेंट हुआ हो। जब वे करीब पहुंचे तो गौर से देखने पर इंसान की कुछ उंगलियां दिखाई दीं। इसके बाद पता चला कि यहां रात किसी व्यक्ति का एक्सीडेंट हुआ और वो मर गया।

सोमवार रात 8 बजे से ही हाईवे पर घना कोहरा शुरू हो गया था। रात 10 बजे के आसपास स्थिति ये थी कि विजिबिलिटी शून्य हो गई थी। 5 मीटर दूर चल रहे वाहन भी दिखाई नहीं दे रहे थे। माना जा रहा है कि सोमवार रात ही अज्ञात वाहन की चपेट में आकर यहां पर इस व्यक्ति की मृत्यु हो गई और कोहरे की वजह से नहीं दिखने के कारण पूरी रात वाहन उसको रौंदते गए।

Google न्यूज़नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia


;