राहुल गांधी को घेरने की BJP की साजिश उजागर, SC के फैसले से पूरी तरह विफल हुई साजिश: खड़गे

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम ने भी राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगाने के शीर्ष अदालत के फैसले की सराहना की। उन्होंने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को तुरंत उनकी सदस्यता बहाल करनी चाहिए।

राहुल गांधी पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को खड़गे ने बीजेपी की साजिश का विफल करने वाला बताया
राहुल गांधी पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को खड़गे ने बीजेपी की साजिश का विफल करने वाला बताया
user

नवजीवन डेस्क

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने शुक्रवार को 'मोदी सरनेम' टिप्पणी मानहानि मामले में राहुल गांधी की सजा पर रोक लगाने वाले सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया। खड़गे ने कहा कि सच्चाई की ही जीत होती है और राहुल गांधी के खिलाफ बीजेपी की साजिश पूरी तरह से विफल रही है। उन्होंने यह भी कहा कि अब समय आ गया है कि बीजेपी लोगों से मिले जनादेश का सम्मान करे और देश पर शासन करना शुरू करे। जिसमें बीजेपी दस सालों में पूरी तरह विफल रही है।

एक ट्वीट में मल्लिकार्जुन खड़गे ने लिखा कि सच्चाई की अकेले ही जीत होती है। हम सुप्रीम कोर्ट के राहुल गांधी को राहत देने वाले फैसले का स्वागत करते हैं। न्याय मिल गया है। लोकतंत्र की जीत हुई है। संविधान को बरकरार रखा गया है। राहुल गांधी के खिलाफ बीजेपी की साजिशपूर्ण प्रताड़ना पूरी तरह से उजागर हो गई है। उन्होंने आगे कहा कि समय आ गया है कि वे विपक्षी नेताओं को दुर्भावनापूर्ण तरीके से निशाना बनाना बंद करें। अब समय आ गया है कि वे लोगों से मिले जनादेश का सम्मान करें और देश पर शासन करना शुरू करें, जिस पर वे पिछले 10 वर्षों में बुरी तरह विफल रहे हैं।


वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने भी राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगाने के शीर्ष अदालत के फैसले की सराहना की। उन्होंने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को तुरंत उनकी सदस्यता बहाल करनी चाहिए। एक ट्वीट में चिदंबरम ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का आज का आदेश उस तर्क की पुष्टि है जिसे हमने ट्रायल कोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक हर अदालत के सामने लगातार रखा है। लोकसभा अध्यक्ष को तुरंत राहुल गांधी की सदस्यता बहाल करनी चाहिए। कृपया याद रखें कि हम पिछले 162 वर्षों में ऐसा कोई मामला नहीं ढूंढ पाए हैं, जहां अदालत ने 'बदनामी' के लिए दो साल की अधिकतम सजा दी हो। यह मामला राहुल गांधी को संसद से दूर रखने के एकमात्र इरादे से बनाया गया था।

इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के सचिव वीरेंद्र वशिष्ठ ने कहा कि राहुल गांधी लोकसभा में एक बार फिर 'दोस्ती' को लेकर सवाल उठाएंगे। जब संसद में अविश्वास प्रस्ताव पर बहस होगी तो विपक्ष (इंडिया) को अदालत में आज की जीत का आत्मविश्वास और साहस होगा। भारत की जनता की बुलंद और साहसी आवाज फिर सदन में गूंजेगी। सत्यमेव जयते।

Google न्यूज़नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia


;