कोरोना: गाजियाबाद में 5 इंडोनेशियाई महिला मौलवी समेत 15 जमातियों को पुलिस ने पकड़ा, किया क्वारंटाइन, केस दर्ज

एसएसपी के मुताबिक, के साहिबाबाद थाना पुलिस को शनिवार को इन जमातियों के होने की सूचना मिली थी। सूचना यह भी थी कि जमातियों में कुछ विदेशी भी हो सकते हैं। साथ ही इनमें से ज्यादातर निजामुद्दीन मरकज तब्लीगी जमात भी गए थे।

फोटो: सोशल मीडिया
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नवजीवन डेस्क

देश के अलग-अलग हिस्सों में तब्लीगी जमात से जुड़े लोगों ढूंढकर क्वारंटाइन में भेजने का सिलसिला जारी है। शनिवार देर दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में पुलिस ने तब्लीगी जमात से जुड़े को दबोच लिया। लोगों को ढंढा है। इनमें 5 महिलाओं समेत 10 विदेशी (इंडोनेशियाई) और 5 भारतीय तब्लीगी जमाती हैं। इन सभी को फिलहाल पुलिस ने क्वारंटाइन होम में रखा है। यह सब स्थानीय मौलवियों की मदद से मस्जिद और मदरसों में रुके हुए थे। गाजियाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने इसकी पुष्टि की है।

एसएसपी के मुताबिक, "साहिबाबाद थाना पुलिस को शनिवार को इन जमातियों के होने की सूचना मिली थी। सूचना यह भी थी कि जमातियों में कुछ विदेशी भी हो सकते हैं। साथ ही इनमें से ज्यादातर निजामुद्दीन मरकज तब्लीगी जमात भी गए थे। सूचना को पहले गुपचुप तरीके से पुष्ट कराया गया। उसके बाद इन जमातियों के जमघट वाले अड्डे पर सब-इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह, प्रवेंद्र सिंह, हवलदार राजवीर सिंह, सिपाही सूर्यकांत की टीमें बनाई गईं।"

पुलिस टीमों ने मुखबिरों को साथ लेकर साहिबाबाद थाना क्षेत्र के शहीद नगर डी ब्लॉक स्थित स्थानीय नागिरक फैज मोहम्मद के घर पर छापा मारा गया। फैज मोहम्मद ने पकड़े जाते ही पुलिस टीमों को बता दिया कि कुछ जमाती उसके घर के भीतर मौजूद हैं, जबकि कुछ आसपास ही मौजूद मदरसा मसजिद में रह रहे हैं। शुरुआती पूछताछ में बताया कि जमातियों में 5 पुरुष और 5 महिला जमाती इंडोनिशियाई हैं, जबकि बाकी सब स्थानीय हैं।

फैज मोहम्मद के साथ पुलिस पास में मौजूद मदरसे पर पहुंची। वहां मदरसा मालिक रहीस, एक मसजिद का मौलवी अब्दुल मलिक और विदेशी जमातियों का गाइड जावेद आलम और एक मसजिद की देखरेख करने वाला अब्दुल मलिक भी पुलिस को मिले। यह पांचों हिंदुस्तानी हैं। इन्हीं की निशानदेही पर पुलिस ने सब-इंस्पेक्टर बबीता शर्मा की टीम बनाई गई।

सब-इंस्पेक्टर बबिता शर्मा की टीम ने हरदीन, अब्दुल अजीस, जाबिर नूरद्दीन टण्डा, सुप्रयादि, सलाउद्दीन (पांचो इंडोनेशिययाई मूल के तब्लीगी जमाती) और पांच इंडोनेशियाई महिला तब्लीगी जमाती मुनीरोह, फातिमा असरी, हनी मंसजा पासंडिग, सीटी हदीजाह और बुसराह को पकड़ लिया। पकड़ी गई महिलाओं ने भी माना कि वे सब इंडोनेशिया से भारत पहुंची थीं। उसके बाद दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित मरकज तब्लीगी जमात मुख्यालय भी गई थीं।

जिला पुलिस प्रवक्ता सोहनवीर सिंह सोलंकी के मुताबिक, "इन सभी के खिलाफ साहिबाबाद थाने में महामारी अधिनियम, संक्रमण फैलाने, 7 विदेशी अधिनियम, आपदा प्रबंधन अधिनियम की धाराओं के तहत आपराधिक मामला दर्ज कर लिया गया है। चूंकि इनमें कुछ के कोरोना संक्रमित होने का अंदेशा भी है, लिहाजा फिलहाल इन सबको क्वारंटाइन होम में अलग रखा गया है।"

(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

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