मी टू: एमजे अकबर मानहानि मामले में कोर्ट ने रमानी को भेजा समन, डराकर चुप कराने का आरोप लगा चुकी हैं प्रिया

पूर्व केंद्रीय मंत्री एमजे अकबर द्वारा दायर मानहानि के मामले में दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने पत्रकार प्रिया रमानी को 25 फरवरी को उपस्थित होने को निर्देश दिया है।

फोटो: सोशल मीडिया 
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नवजीवन डेस्क

दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने पूर्व केंद्रीय मंत्री एमजे अकबर द्वारा दाखिल मानहानि के एक मामले में पत्रकार प्रिया रमानी को समन जारी किया। आपराधिक मानहानि के मामले में उन्हें 25 फरवरी को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश होना होगा। बता दें कि एमजे अकबर ने पत्रकार प्रिया रमानी के खिलाफ पिछले साल पटियाला हाउस कोर्ट में आपराधिक मानहानि की शिकायत दायर की थी।

एमजे अकबर की वकील गीता लूथरा और वकील संदीप कपूर ने कोर्ट से कहा कि प्रिया रमानी ने अकबर की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाया है, जिसे बनाने के लिए उन्होंने सालों तक कड़ी मेहनत की थी।

इससे पहले प्रिया रमानी ने कहा था, “मेरे ऊपर आपराधिक मानहानी का मुकदमा दायर कर अकबर मे अपना रुख साफ कर दिया है कि कई महिलाओं द्वारा लगाए गए आरोपों पर बात करने के बजाय, वो डरा कर लोगों को चुप कराना चाहते हैं।”

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गौरतलब है कि पिछले साल अक्टूबर में प्रिया रमानी ने एमजे अकबर पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। जिसके बाद मोदी सरकार में अपने कैबिनेट पद से इस्तीफा देना पड़ा था। हालांकि एमजे अकबर ने यौन उत्पीड़न के आरोपों का खंडन भी किया था। रमानी उन महिला पत्रकारों की लंबी सूची में पहली हैं। प्रिया रमानी के बाद गजाला वहाब, शुमा राहा, अंजू भारती और शुतापा पॉल सहित करीब 12 महिलाओं ने सोशल मीडिया के जरिए एमजे अकबर पर यौन शोषण के आरोप लगाए थे। इनमें से किसी ने भी अकबर के खिलाफ शिकायत नहीं की है। ये आरोप मी टू अभियान के तहत लगाया था।

(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

Published: 29 Jan 2019, 6:22 PM
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