फरीदाबाद में होगा भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव, केंद्रीय विज्ञान-प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने दी जानकारी

केंद्रीय मंत्रालय के मुताबिक भारत का मेगा विज्ञान मेला फ़रीदाबाद में ट्रांसलेशनल हेल्थ साइंस एंड टेक्नोलॉजी इंस्टीट्यूट (टीएचएसटीआई) और जैव प्रौद्योगिकी विभाग के क्षेत्रीय जैव प्रौद्योगिकी केंद्र (आरसीबी) के परिसर में आयोजित किया जाएगा।

फोटो: IANS
i
user

आईएएनएस

google_preferred_badge

भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव (आईआईएसएफ) 2023 का 9वां संस्करण 17 से 20 जनवरी, 2024 तक हरियाणा के फरीदाबाद में आयोजित किया जाएगा। केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी।

केंद्रीय मंत्रालय के मुताबिक भारत का मेगा विज्ञान मेला फ़रीदाबाद में ट्रांसलेशनल हेल्थ साइंस एंड टेक्नोलॉजी इंस्टीट्यूट (टीएचएसटीआई) और जैव प्रौद्योगिकी विभाग के क्षेत्रीय जैव प्रौद्योगिकी केंद्र (आरसीबी) के परिसर में आयोजित किया जाएगा। वर्तमान संस्करण की विषय वस्‍तु 'अमृत काल में विज्ञान और प्रौद्योगिकी सार्वजनिक लोकसंपर्क' है।

आईआईएसएफ 2023 का उद्देश्‍य व्‍यापक स्‍तर पर लोगों को प्रेरित करना और छात्रों, शिक्षकों, वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, उद्योग के पेशेवरों, उद्यमियों तथा विज्ञान संप्रेषकों जैसे विविध स्तर के हितों वाले व्यक्तियों के लिए एक मंच प्रदान करना है। आईआईएसएफ 2023 में प्रतिभागियों और आम जनता को विभिन्न लाभ प्रदान करने वाली वैज्ञानिक उपलब्धियों को प्रदर्शित करने के लिए कुल 17 विषय-वस्‍तु हैं।

यह कार्यक्रम विभिन्न कार्यकलापों जैसे राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय विशेषज्ञों द्वारा संगोष्‍ठी, वक्ताओं के साथ परस्‍पर बातचीत, प्रदर्शनियों, प्रतियोगिताओं, कार्यशालाओं, ज्ञान-साझाकरण गतिविधियों, प्रौद्योगिकी शो आदि के माध्यम से सभी हितधारकों के बीच संयोजन रखता है।

केंद्र का कहना है कि आईआईएसएफ, समृद्ध भारत की उन्नति के लिए विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवोन्‍मेषण में रचनात्मकता को बढ़ावा देने के लिए समर्पित है। यह विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय तथा पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के सहयोगात्मक प्रयासों के माध्यम से विज्ञान भारती के सहयोग से आरंभ किया गया था।

2015 से, आईआईएसएफ ने भारत के विभिन्न भौगोलिक क्षेत्रों में आठ संस्करणों का आयोजन किया है और एक विशाल विज्ञान महोत्सव के रूप में विस्तार किया है। 2021 में अंतरिक्ष विभाग और परमाणु ऊर्जा विभाग आईआईएसएफ का अभिन्न अंग बन गए।

Google न्यूज़व्हाट्सएपनवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia