इजरायली और फिलिस्तीनी नहीं चाहते हैं शांति: डोनाल्ड ट्रंप

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि इजरायल और फिलिस्तीन को शांति समझौते पर सहमति बनाने के लिए बीच का रास्ता निकालना पड़ेगा।

फोटो: IANS
फोटो: IANS

आईएएनएस

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायल और फिलिस्तीन के बीच शांति बहाली के लिए वाशिंगटन की योजना की समयसीमा निर्धारित करने से इनकार करते हुए कहा कि कोई भी पक्ष शांति प्रक्रिया के लिए प्रतिबद्ध नहीं है। ट्रंप ने रविवार को इजरायल के समाचार पत्र हायोम को दिए साक्षात्कार में कहा, "हम देख रहे हैं कि क्या होता है।"

उन्होंने कहा, "फिलहाल, मैं कहना चाहूंगा कि फिलिस्तीनी शांति के मूड में नहीं दिख रहे और मैं इसे लेकर भी आश्वस्त नहीं हूं कि इजरायल शांति चाहता है। इसलिए हम यह देखना चाहते हैं कि क्या होता है।"

सीएनएन के मुताबिक, इजरायल, फिलिस्तीन शांति प्रक्रिया में अमेरिका की मध्यस्थ की भूमिका ट्रंप प्रशासन द्वारा पिछले साल दिसंबर में जेरूसलम को इजरायल की राजधानी के रूप में मान्यता देने के बाद से सवालों के घेरे में है।

फिलिस्तीन के शीर्ष अधिकारियों ने अमेरिका के इस कदम की आलोचना करते हुए कहा कि अमेरिका के इस कदम से वह मध्यस्थ की भूमिका निभाने के लायक नहीं रह गया है।

इजरायली समाचार पत्र ने इस संदर्भ में ट्रंप से दावोस में विश्व आर्थिक मंच में उनकी टिप्पणी जाननी चाही कि क्या जेरूसलम को लेकर चर्चा ठंडे बस्ते में चली गई है।

सीएनएन के मुताबिक, ट्रंप ने अपने जवाब में कहा कि वह अपने पहले के रुख पर अडिग हैं।

उन्होंने समाचार पत्र को बताया, "मैं यह स्पष्ट करना चाहता हूं कि जेरूसलम इजरायल की राजधानी है और सीमाओं की बात करूं तो मैं दोनों पक्षों के बीच की सहमति का समर्थन करता हूं।"

मुझे लगता है कि दोनों पक्षों को शांति समझौते पर सहमति बनाने के लिए बीच का रास्ता निकालना पड़ेगा।

लोकप्रिय