मोटर वाहन संशोधन बिल पास: जानिए अब गाड़ी चलाते वक्त हुई चूक तो कब कितना लगेगा जुर्माना?

मोटर व्हीकल संशोधन बिल 2019 बुधवार को राज्यसभा से भी पास हो गया। लोकसभा में यह विधेयक पहले ही 23 जुलाई को पास हो चुका है। नए संशोधित बिल में सड़क हादसों को रोकने के लिए कई नए प्रावधान किए गए हैं। साथ ही ट्रैफिक नियम तोड़ने पर जुर्माने को और कड़ा किया गया है।

फोटो : सोशल मीडिया
फोटो : सोशल मीडिया
user

नवजीवन डेस्क

अब ट्रैफिक नियमों की अनदेखी आपके लिए भारी पड़ सकती है। ट्रैफिक नियमों को कड़ाई से पालन करवाने के लिए मोटर व्हीकल एक्ट में बदलाव किया गया है। मोटर व्हीकल एक्ट 1988 में बदलाव कर मोटर व्हीकल संशोधन बिल 2019 को लोकसभा के बाद अब राज्यसभा से भी पास कर दिया गया। केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इस बिल के पास होने पर संतुष्टि जताते हुए इसे सड़क हादसे में मारे गए लोगों को समर्पित किया है।

इस बिल की खास बात यह है कि अब ट्रैफिक नियमों का पालन न करने पर 10 हजार रुपए तक जुर्माना लग सकता है। जिन नियमों के उल्लंघन पर 10 हजार का जुर्माना लग सकता है उनमें शराब पीकर गाड़ी चलाने, एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड और पीसीआर का रास्ता रोकने आदि जैसे उल्लंघन शामिल हैं।

सरकार का मानना है कि जुर्माना कम होने की वजह से लोग ट्रैफिक नियमों का पालन नहीं करते। आइए...जानते हैं कौन सा नियम तोड़ने पर कितना जुर्माना लगेगा।

किस उल्लंघन पर कितना लगेगा जुर्मान

  • सामान्य तौर पर ट्रैफिक नियम तोड़ने पर पहले 100 रुपए का जुर्माना लगता था, अब 500 रुपए जुर्माना लगेगा।
  • बिना टिकट बस में यात्रा करने पर पहले 200 रुपए का जुर्माना भरना पड़ता था, अब 500 रुपए देने होंगे।
  • ट्रैफिक विभाग के संबंधित अधिकारियों के आदेश को नहीं मानने पर पहले 500 रुपए का जुर्माना था, अब 2000 रुपए लगेंगे।
  • बिना लाइसेंस के वाहन चलाने पर पहले 1000 रुपए का जुर्माना लगता था, अब 5000 रुपए देना पड़ेगा।
  • बिना योग्यता गाड़ी चलाने पर पहले 500 रुपए का जुर्माना था, जो अब बढ़कर 10 हजार रुपए कर दिया गया है।
  • तय सीमा से अधिक गति में गाड़ी चलाने पर पहले 400 रु. जुर्माना लगता था, अब हल्के वजन की गाड़ियों पर 1000 और मध्यम दर्जे की पैसेंजर गाड़ियों पर 2000 रु. जुर्माना लगेगा।
  • खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाने पर पहले 1000 रु. का जुर्माना लगता था, अब 5000 रु. का जुर्माना लगेगा।
  • शराब पीकर गाड़ी चलाने पर पहले 2000 रु. का जुर्माना था, जो अब पांच गुना बढ़ाकर 10 हजार रु. कर दिया गया है।
  • तेज गति में गाड़ी चलाना या रेस करने पर पहले 500 रुपए का जुर्माना लगता था, अब 5000 रु. का जुर्माना लगेगा।
  • ओवरलोडिंग करने पर पहले 2000 रु. और 1000 रु. प्रति टन के हिसाब से जुर्माना था। इसे बढ़ाकर 20 हजार और 2000 रु. प्रति टन कर दिया गया है।
  • सीट बेल्ट नहीं लगाने पर पहले 100 रु. जुर्माना लगता था, अब 1000 रु. लगेगा।
  • दोपहिया वाहनों की ओवरलोडिंग पर पहले 100 रु. जुर्माना लगता था, अब उसे बढ़ाकर 2000 रु. कर दिया गया है, साथ ही तीन महीने के लिए लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा।
  • किसी आपातकालीन गाड़ी (जैसे एंबुलेंस) को रास्ता नहीं देने पर पहली बार 10000 रुपए के जुर्माने का प्रावधान किया गया है।
  • बिना इंश्योरेंस के गाड़ी चलाने पर पहले 1000 रु. का जुर्माना लगता था, अब इसे बढ़ाकर 2000 रु. कर दिया गया है।
  • हिट एंड रन के मामले में सरकार 2 लाख रु. या उससे अधिक का मुआवजा मृतक के परिजनों के देगी। अब तक यह राशि 25 हजार थी।
  • गाड़ी चलाते वक्त मोबाइल से बात करते पकड़े जाने पर पहले 1000 रु. जुर्माना लगता था लेकिन अब इसे बढ़ाकर 5000 रु. कर दिया गया है।
  • बिना हेलमेट दोपहिया चलाने पर 1000 रु. का जुर्माना और तीन महीने के लिए लाइसेंस जब्त करने का प्रावधान है। फिलहाल ये जुर्माना सिर्फ 100 रुपए है।
लोकप्रिय