ओडिशा: भूस्खलन के बाद लापता 10 लोगों की तलाश तेज, कई एजेंसियां बचाव कार्य में जुटीं, 157 जवान मुस्तैद

ओडिशा के आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने बताया कि गंजाम जिले के भंजनगर प्रखंड के गिड़ीपाबली गांव में भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में तलाश और बचाव अभियान मंगलवार को चौथे दिन भी जारी रहा।

फोटो: सोशल मीडिया
i

ओडिशा में महा-रेस्क्यू: गंजाम-कंधमाल सीमा पर 10 लापता लोगों की तलाश के लिए अभियान तेज

जीपीआर रडार से तलाश: मलबे और जमीन के नीचे दबे लोगों को खोजने में जुटी आधुनिक तकनीक

चौथे दिन भी खोज जारी: गिड़ीपाबली गांव के प्रभावित इलाकों में दिन-रात जुटा है बचाव दल

ओडिशा सरकार ने मंगलवार को गंजाम-कंधमाल सीमा पर पहाड़ी गांव में भूस्खलन के बाद लापता हुए 10 लोगों की तलाश के लिए बचाव अभियान तेज कर दिया है। लापता हुए इन 10 लोगों की तलाश के लिए जमीन के भीतर की वस्तुओं का पता लगाने वाले रडार (जीपीआर) और अन्य विशेष उपकरणों की मदद ली जा रही है। पिछले सप्ताह चक्रवात ‘अर्नब’ के दौरान बारिश के कारण हुए भूस्खलन के बाद ये 10 लोग लापता हो गए थे।

ओडिशा के आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने बताया कि गंजाम जिले के भंजनगर प्रखंड के गिड़ीपाबली गांव में भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में तलाश और बचाव अभियान मंगलवार को चौथे दिन भी जारी रहा।

मंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ), रेलवे और अग्निशमन सेवाओं के 157 कर्मी अभियान में जुटे हैं।

उन्होंने बताया कि इनके अलावा 25 स्थानीय स्वयंसेवक और दिहाड़ी मजदूर भी तलाश अभियान में शामिल हैं।


पुजारी ने कहा कि लापता 10 लोगों का पता लगाने के लिए सभी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

अग्निशमन सेवा के महानिदेशक एस. सारंगी ने बताया कि चार दिन से जारी तलाश और बचाव अभियान के दौरान रविवार को भूस्खलन में लापता हुए 12 लोगों में से दो के शव बरामद किए गए।

उन्होंने बताया, “पहाड़ियों से लुढ़ककर मकानों पर गिरे विशाल पत्थरों को हटाने में कठिनाई हो रही है। आशंका है कि कुछ शव इन पत्थरों के नीचे दबे हुए हैं।”

सारंगी ने बताया कि बचाव दल अब विशाल पत्थरों को तोड़ने के लिए विस्फोटकों का इस्तेमाल कर रहे हैं, ताकि क्षतिग्रस्त मकानों का मलबा हटाया जा सके।

उन्होंने बताया कि अब तक बरामद शवों की पहचान गिड़ीपाबली गांव के सलमान प्रधान (29) और रवि मलिक (52) के रूप में हुई है।

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल @navjivanindia से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए