राहुल गांधी पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों से मिले, बोले- पीएम मोदी इनसे माफी मांगें
राहुल गांधी ने कहा कि इन सबके बाद भी प्रधानमंत्री की ये हिम्मत है कि वो छात्रों को माफ करने की बात करते हैं। क्या वो एक भी शोकाकुल परिवार से मिले जिन्होंने अपने बच्चे को खोया है या उन लोगों से जिनकी जमा पूंजी, जिंदगी, वक्त और सपने सब पेपर लीक ने छीन लिए?

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को तमिलनाडु दौरे के दौरान चेन्नई के महाबलीपुर में नीट पेपर लीक के कारण सुसाइड करने वाले छात्रों के परिवारों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी। बाद में पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि पीएम को इनसे माफी मांगनी चाहिए। इसके साथ ही राहुल गांधी में प्रधानंमत्री नरेंद्र मोदी पर छात्रों की चिंताओं को दूर करने में नाकाम रहने का आरोप भी लगाया।
इससे ज्यादा दर्दनाक कुछ नहीं
राहुल गांधी ने एक्स पर एक पोस्ट में छात्रों के परिजनों के साथ मुलाकात की कुछ तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि माता-पिता को अपने बच्चे के लिए शोक मनाते देखने से ज्यादा दर्दनाक कुछ नहीं है। अपनी जान गंवाने वाले हर युवा के पीछे एक ऐसा परिवार है, जो ऐसा दर्द झेल रहा है, जो कभी उनका साथ नहीं छोड़ेगा, और साथ ही एक टूटी हुई शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल भी खड़े करता है। पेपर लीक होना। परीक्षाएं रद्द होना। सालों की तैयारी रातों-रात बर्बाद हो जाना। हमारे छात्रों को एक ऐसी व्यवस्था में ईमानदारी से काम करने के लिए कहा जाता है, जो खुद उनके प्रति ईमानदार नहीं है।’’
पीएम मोदी को छात्रों से माफी मांगनी चाहिए
राहुल गांधी ने कहा कि इन सबके बाद भी प्रधानमंत्री की ये हिम्मत है कि वो छात्रों को 'माफ' करने की बात करते हैं। क्या वो एक भी शोकाकुल परिवार से मिले जिन्होंने अपने बच्चे को खोया है या उन लोगों से जिनकी जमा पूंजी, जिंदगी, वक्त और सपने सब पेपर लीक से छीन लिए गए? जवाब है नहीं! उन्होंने कहा कि भारत के छात्रों को प्रधानमंत्री की क्षमा की जरूरत नहीं- प्रधानमंत्री मोदी को उनसे माफी मांगनी चाहिए। इसके साथ ही राहुल गांधी में प्रधानंमत्री नरेंद्र मोदी पर छात्रों की चिंताओं को दूर करने में नाकाम रहने का आरोप भी लगाया।
प्रधानमंत्री मोदी ने फिर खेला विक्टिम कार्ड
बता दें कि प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार को एक बार फिर विक्टिम कार्ड खेलते हुए 'इंस्टाग्राम' पर देर रात एक वीडियो संदेश जारी कर कहा था कि उन्हें इस बात का दुख है कि जंतर-मंतर पर विरोध-प्रदर्शन के दौरान न सिर्फ उन्हें, बल्कि उनकी स्वर्गीय मां के लिए भी भद्दी गालियों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने यह भी कहा था कि इन ''गुमराह बच्चों'' को माफ किए जाने की जरूरत है। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह समाज में व्याप्त आक्रोश को समझते हैं, लेकिन यह "गुमराह बच्चों" के साथ अपनापन और उन्हें सही राह दिखाने का समय है। प्रधानमंत्री के इस बयान की चारों और आलोचना हो रही है, क्योंकि नीट पेपर लीक पर संसद में चर्चा के दौरान पीएम मोदी लगातार नदारद रहे, जो उनकी गंभीरता को दिखाता है।
