भूमि पूजन के दो दिन पहले राम मंदिर के मुख्य पुजारी क्वारंटीन, पिछले हफ्ते शिष्य को हुआ था कोरोना

इससे पहले पिछले हफ्ते राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास के शिष्य प्रदीप दास कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। इस बीच आज खुद सीएम योगी आदित्यनाथ भूमि पूजन की तैयारियों का जायजा लेने अयोध्या पहुंचे और इसी दौरान सत्येंद्र दास को भी क्वारंटीन कर दिया गया।

फोटोः IANS
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आईएएनएस

अयोध्या में 5 अगस्त को होने वाले राम मंदिर के भूमि पूजन समारोह से दो दिन पहले आज राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास को होम क्वारंटीन में भेज दिया गया है। तीन दिन पहले राम जन्मभूमि मंदिर में उनके शिष्य प्रदीप दास कोरोना संक्रमित पाए गए थे, जिसके बाद यह कदम उठाया गया है। अब 5 अगस्त को होने वाला भूमि पूजन सत्येंद्र दास के हाथों नहीं होगा।

इसके बारे में खुद आचार्य सत्येंद्र दास ने कहा, "मेरे शिष्य प्रदीप दास 30 जुलाई को कोरोना संक्रमित हो गए थे, इसके बाद ट्रस्ट ने मुझ से कहा कि मैं तीन दिन मंदिर में प्रवेश न करूं। मैं भूमि पूजन नहीं करूंगा। भूमि पूजन समारोह के लिए अन्य पुजारी काम कर रहे हैं।" फिलहाल ट्रस्ट के सदस्यों ने इस मसले पर कुछ बोलने से इंकार कर दिया।

गौरतलब है कि इससे पहले पिछले हफ्ते गुरुवार को राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास के शिष्य प्रदीप दास कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। उनके साथ ही राम जन्मभूमि परिसर की सुरक्षा में लगे 16 पुलिसकर्मियों की भी जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी, जिसके बाद आनन-फानन में सभी को क्वारनटीन कर दिया गया था।

इस घटना के बाद से ही भूमि पूजन से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा हुआ था। इसी बीच आज भूमि पूजन समारोह की तैयारियों का जायजा लेने खुद सीएम योगी आदित्यनाथ अयोध्या पहुंचे और इसी दौरान प्रधान पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास को भी क्वारंटीन कर दिया गया। हालांकि प्रस्तावित भूमि पूजन से पहले अयोध्या में 200 लोगों की कोरोना जांच में सत्येंद्र दास की रिपोर्ट निगेटिव आई थी। इसके बावजूद शिष्य के पॉजिटिव आने के चार दिन बाद उन्हें भी क्वारंटीन कर दिया गया है।

गौरतलब है कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए 5 अगस्त को भूमि पूजन कार्यक्रम होने वाला है। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सीएम योगी आदित्यनाथ समेत 200 लोग शामिल होने वाले हैं। कोरोना महामारी के कारण भूमि पूजन कार्यक्रम के लिए सिर्फ चुनिंदा लोगों को ही आमंत्रित किया गया है। कार्यक्रम के दौरान बैठने के लिए सोशल डिस्टेंसिंग के साथ 50-50 लोगों के अलग-अलग ब्लॉक की व्यवस्था होगी।

(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

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