बंगाल में वही प्रक्रिया पूरी तरह लागू की गई, जिसका परीक्षण उत्तर प्रदेश में हुआ था: अखिलेश यादव

अखिलेश यादव ने कहा कि यही असली समस्या है कि हम किस पर भरोसा करें? आपको याद होगा कि पिस्तौल दिखाकर लोगों को मतदान करने से रोका जा रहा था। रिवॉल्वर के बल पर वोटिंग रोकी गई थी।

बंगाल में वही प्रक्रिया पूरी तरह लागू की गई, जिसका परीक्षण उत्तर प्रदेश में हुआ था: अखिलेश यादव
i
user

नवजीवन डेस्क

google_preferred_badge

समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और निर्वाचन आयोग ने पश्चिम बंगाल में वही प्रक्रिया पूरी तरह लागू की है, जो उत्तर प्रदेश में परीक्षण के तौर पर आजमाई जा चुकी है। एसपी प्रमुख लखनऊ में बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित संवाददाता सम्मेलन के दौरान पत्रकारों से बात कर रहे थे।

तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के गुरुवार रात में लगभग चार घंटे तक कोलकाता में एक स्ट्रांगरूम के बाहर बैठने से जुड़े एक सवाल के जवाब में अखिलेश यादव ने कहा, “यही असली समस्या है कि हम किस पर भरोसा करें? आपको याद होगा कि पिस्तौल दिखाकर लोगों को मतदान करने से रोका जा रहा था। रिवॉल्वर के बल पर वोटिंग रोकी गई थी।”


उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि बीजेपी और निर्वाचन आयोग ने मिलकर पश्चिम बंगाल में वही पूरी प्रक्रिया लागू कर दी है, जो उन्होंने उत्तर प्रदेश में एक अभ्यास या प्रयोग के तौर पर की थी।” सपा प्रमुख ने यह दावा भी किया कि पश्चिम बंगाल में केंद्रीय सुरक्षा बलों की एक समानांतर व्यवस्था बनाई गई है।

हालांकि उन्होंने साथ ही यह भी कहा, “इसके बावजूद ममता बनर्जी वहां चुनाव जीतेंगी और यह एक ऐतिहासिक जीत होगी।” निर्वाचन आयोग द्वारा चार मई को मतगणना केंद्रों की सुरक्षा मजबूत करने के लिए क्यूआर कोड आधारित आईडी प्रणाली शुरू करने के फैसले पर अखिलेश यादव ने कहा कि बीजेपी द्वारा लाई गई तकनीक पर भरोसा नहीं किया जा सकता।


गौरतलब है कि गुरुवार देर रात ईवीएम में गड़बड़ी की आशंका पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दक्षिण कोलकाता के सखावत मेमोरियल स्कूल पहुंचीं, जो भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र का मतगणना केंद्र है। इस मतगणना केंद्र में ईवीएम का स्ट्रांगरूम स्थित है। उन्होंने मतदान में गड़बड़ी और ईवीएम से छेड़छाड़ की आशंका जताई। इसके बाद से टीएमसी नेताओं ने पूरे राज्य में स्ट्रांगरूम की कड़ी निगरानी शुरू कर दी है।

Google न्यूज़व्हाट्सएपनवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia