उत्तराखंड में बारिश का कहर, अल्मोड़ा में घर गिरने से एक ही परिवार के 3 लोगों की मौत
उत्तराखंड में लगातार बारिश के बीच अल्मोड़ा में घर गिरने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हुई है। वहीं, देहरादून और टिहरी में ऑरेंज अलर्ट जारी है।

उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश से कई इलाकों में हालात बिगड़ते जा रहे हैं। नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ने के साथ भूस्खलन और सड़कें बंद होने की घटनाएं सामने आ रही हैं। इस बीच अल्मोड़ा जिले में बारिश के दौरान एक घर ढहने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई। हादसा मंगलवार तड़के हुआ, उस वक्त परिवार के सदस्य घर के अंदर सो रहे थे। मौसम विभाग ने भी राज्य के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक के साथ तूफान की आशंका जताई है।
अल्मोड़ा में घर ढहा, एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत
अल्मोड़ा जिले के वदुय्या गांव में लगातार बारिश के बीच अचानक एक घर ढह गया। बताया गया है कि हादसा मंगलवार तड़के उस समय हुआ, जब परिवार के सदस्य घर के भीतर सो रहे थे। इमारत गिरने की तेज आवाज और चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस तथा स्थानीय प्रशासन को सूचना दी।
जानकारी मिलते ही एसडीआरएफ, पुलिस, राजस्व विभाग, अग्निशमन सेवा और आपदा प्रबंधन की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं। स्थानीय ग्रामीणों की मदद से मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए बचाव अभियान शुरू किया गया। काफी मशक्कत के बाद तीनों लोगों को मलबे से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
देहरादून-टिहरी में ऑरेंज अलर्ट, कई जिलों में येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने मंगलवार को उत्तराखंड के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज के साथ तूफान की संभावना जताई है। देहरादून और टिहरी जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। यहां भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी है।
इसके अलावा पौड़ी गढ़वाल, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, चंपावत, नैनीताल और हरिद्वार के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। लगातार बारिश के बीच पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा भी बना हुआ है।
देहरादून में रिस्पना नदी का जलस्तर बढ़ा
पिछले दो दिनों से हो रही बारिश ने अल्मोड़ा के अलावा राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन प्रभावित किया है। कई जगह सड़कें अवरुद्ध हुई हैं और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बना हुआ है।
देहरादून में दलानवाला के मोहिनी रोड पर पुल के पास रिस्पना नदी का जलस्तर रात करीब 1 बजे बढ़ गया। तेज बहाव और तेजी से बढ़ते पानी को लेकर आसपास रहने वाले लोगों में चिंता बढ़ गई। पुलिस की टीमें बाढ़ की आशंका वाले इलाकों में नियमित गश्त कर रही हैं और नदियों, नालों तथा अन्य जल निकायों पर नजर रखी जा रही है।
मसूरी-देहरादून मार्ग पर भूस्खलन, यातायात प्रभावित
लगातार बारिश के कारण सोमवार को मसूरी-देहरादून मार्ग पर पानी वाला मोड़ के पास भूस्खलन हुआ। मलबे, पत्थरों और पेड़ों के सड़क पर गिरने से यातायात बाधित हो गया और मार्ग अवरुद्ध हो गया।
मौसम की स्थिति को देखते हुए एहतियात के तौर पर देहरादून और पिथौरागढ़ में कक्षा 1 से 12 तक के सभी स्कूलों के साथ आंगनवाड़ी केंद्र भी 1 सितंबर को बंद कर दिए गए हैं।
यमुनात्री हाईवे पर गिरा मलबा, यातायात बहाल
उत्तरकाशी में राणाचट्टी के पास पहाड़ी से मलबा और पेड़ गिरने के कारण यमुनात्री राजमार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया था। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की टीम मौके पर पहुंची और मलबा हटाने का काम शुरू किया। सड़क से मलबा हटाए जाने के बाद यातायात फिर से बहाल कर दिया गया।
राज्य में लगातार बारिश और मौसम विभाग की चेतावनियों के बीच प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है। नदियों और नालों के जलस्तर के साथ संवेदनशील इलाकों में भी निगरानी की जा रही है।
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