बिहारः विधानसभा चुनाव में नीतीश के सामने ताल ठोकेंगे पप्पू यादव, 100 सीटों पर उतारेंगे उम्मीदवार

पूर्व सांसद पप्पू यादव ने ऐलान किया है कि उनकी पार्टी अगले साल होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव में 100 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी और मजबूती के साथ लड़ेगी। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी ने अतिपिछड़ा समाज से किसी को बिहार का मुख्यमंत्री बनाने का संकल्प लिया है।

फोटोः सोशल मीडिया
फोटोः सोशल मीडिया

आईएएनएस

साल 2020 में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर जन अधिकार पार्टी ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसी क्रम में पार्टी अध्यक्ष और पूर्व सांसद पप्पू यादव ने बुधवार को ऐलान किया कि उनकी पार्टी 100 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। पार्टी की विभिन्न इकाइयों की तीन दिवसीय मैराथन बैठक के बाद पटना में पप्पू यादव ने कहा कि सामाजिक और राजनैतिक न्याय को अमली जामा पहनाने के उद्देश्य से जन अधिकार पार्टी ने दलित और अतिपिछड़ा को बिहार का मुख्यमंत्री बनाने का संकल्प लिया है।

आरजेडी के बागी पूर्व सांसद पप्पू यादव ने कहा, "अगले साल बिहार में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी ने 100 विधानसभा सीटों को चिन्हित कर लिया है, जिन पर पार्टी पूरी मजबूती के साथ चुनाव मैदान में उतरेगी।" उन्होंने बताया कि प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में न्यूनतम 20 हजार लोगों को पार्टी से जोड़ने का लक्ष्य भी रखा गया है। प्राथमिक सदस्यता के लिए पार्टी की ओर से 31 दिसंबर तक विशेष सदस्यता अभियान चलाया जाएगा।

बेरोजगारी, बढ़ते अपराध और भ्रष्टाचार के साथ-साथ आरक्षण को समाप्त करने की साजिश के खिलाफ व्यापक जनआंदोलन चलाने की बात करते हुए पप्पू यादव ने कहा कि 10 प्रतिशत ऊंची जाति के गरीब लोगों को आरक्षण दिए जाने का वह समर्थन करते हैं, लेकिन ओबीसी की जनसंख्या 52 प्रतिशत है, इसलिए जनसंख्या के आधार पर उसे भी 52 प्रतिशत आरक्षण मिलना चाहिए।

पप्पू यादव ने केंद्र सरकार पर आरक्षण को खत्म करने का आरोप भी लगाया और कहा कि मोदी सरकार अपने पैतृक संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के इशारों पर बड़ी चालाकी से आरक्षण को खत्म करने की साजिश रच रही है। इस मौके पर पप्पू यादव ने पार्टी की विभिन्न इकाइयों द्वारा आंदोलनों के कार्यक्रम की भी घोषणा की। इस दौरान उनके साथ पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष और पूर्व मंत्री अखलाक अहमद, प्रधान महासचिव एजाज अहमद, प्रदेश अध्यक्ष रघुपति सिंह भी उपस्थित थे।

लोकप्रिय