नीतीश को भारत रत्न देने की मांग पर JDU में विवाद, पार्टी ने केसी त्यागी के बयान से बनाई दूरी
केसी त्यागी ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर उनके लिए भारत रत्न देने की मांग की थी। त्यागी ने अपने पत्र में लिखा था कि चौधरी चरण सिंह और कर्पूरी ठाकुर को इस उपाधि से नवाजा गया था। नीतीश कुमार भी इसके हकदार हैं।

जेडीयू के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी के बिहार के सीएम नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की मांग पर पार्टी में ही विवाद खड़ा हो गया है। जेडीयू ने त्यागी के बयान से ही दूरी बना ली है। वहीं पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने तो यहा तक कह दिया कि केसी त्यागी के हाल के कई बयान पार्टी की आधिकारिक सोच या नीति को नहीं दर्शाते।
केसी त्यागी द्वारा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भारत रत्न दिए जाने संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए राजीव रंजन प्रसाद ने साफ कहा कि केसी त्यागी के हाल के कई बयान सामने आए हैं, लेकिन ये पार्टी की आधिकारिक सोच या नीति को नहीं दर्शाते। उन्होंने स्पष्ट किया कि केसी त्यागी के बयान पूरी तरह से निजी हैं और इन्हें पार्टी के रुख के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।
राजीव रंजन ने आगे कहा कि यह भी एक सच्चाई है कि पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता यह तक नहीं जानते कि केसी त्यागी इस समय पार्टी में सक्रिय भी हैं या नहीं। इससे साफ है कि उनके बयान व्यक्तिगत राय हैं और पार्टी का उनसे कोई लेना-देना नहीं है। त्यागी के बयान पूरी तरह से निजी हैं और उनका पार्टी से कोई लेना-देना नहीं है।
इस बीच, केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने इस विचार का स्वागत करते हुए कहा कि अगर नीतीश कुमार को भारत रत्न दिया जाता है तो यह 'बहुत बढ़िया' होगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में मांझी ने लिखा, "भारत रत्न नीतीश कुमार जी... ये शब्द सुनकर कितना अच्छा लगेगा, है ना? हमें पूरा भरोसा है कि माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, जो अपने फैसलों से सबको चौंकाने के लिए जाने जाते हैं, एक बार फिर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भारत रत्न देने का फैसला करके सबको चौंका देंगे।"
बता दें कि केसी त्यागी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की मांग की थी। नीतीश कुमार के राजनैतिक और सामाजिक जीवन को आधार बनाते हुए पीएम मोदी को पत्र लिखकर उनके लिए भारत रत्न देने की मांग की थी। त्यागी ने अपने पत्र में लिखा था कि चौधरी चरण सिंह और कर्पूरी ठाकुर को इस उपाधि से नवाजा गया था। नीतीश कुमार भी इसके हकदार हैं।
Google न्यूज़, नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें
प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia