महाराष्ट्रः बीजेपी नेता गणेश नाइक की ‘शिंदे का अस्तित्व मिटा देंगे’ टिप्पणी से विवाद, शिवसेना ने दी चेतावनी दी
ठाणे के पूर्व संरक्षक मंत्री नाइक और शिंदे पुराने प्रतिद्वंद्वी हैं। नवी मुंबई लंबे समय से नाइक का गढ़ रहा है और ढाई दशक से अधिक समय तक नगर निकाय पर उनका नियंत्रण रहा। हाल में सीट बंटवारा विफल होने के बाद शिवसेना और बीजेपी ने एनएमएमसी का चुनाव अलग लड़ा।

महाराष्ट्र में बीजेपी के नेता और वन मंत्री गणेश नाइक द्वारा "उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का अस्तित्व खत्म कर देने’’ वाली टिप्पणी को लेकर सत्तारूढ़ गठबंधन के सहयोगी दलों के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। शिवसेना के मंत्रियों ने इस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए ‘उचित जवाब’ देने की चेतावनी दी है।
गणेश नाइक ने रविवार को यह टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर बीजेपी अनुमति देती है, तो ‘‘हम उनका अस्तित्व खत्म कर सकते हैं।’’ यह उनके लंबे समय के प्रतिद्वंद्वी शिंदे की ओर एक अप्रत्यक्ष इशारा था। इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए शिवसेना नेता और राज्य के सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट ने कहा कि बीजेपी आज सत्ता में सिर्फ इसलिए है, क्योंकि शिंदे ने 2022 में अविभाजित शिवसेना के नेतृत्व के खिलाफ विद्रोह किया था।
शिरसाट ने छत्रपति संभाजीनगर में गणेश नाइक को निशाना बनाते हुए कहा, ‘‘कौन शिंदे को खत्म करने की बात कर रहा है? वह (शिंदे) नवी मुंबई की पहाड़ियां या रेत नहीं हैं, जिन्हें खत्म किया जा सके। हम वो हैं, जो साहस के साथ खड़े हैं। शिंदे को कम नहीं आंका जा सकता।’’
उन्होंने कहा, “हमारी कुर्बानियों की बदौलत ही आज बीजेपी सत्ता में है। हम इसे सहन नहीं करेंगे कि एक तरफ हमें महायुति धर्म का पालन करने को कहा जाए, वहीं दूसरी तरफ बीजेपी नेता ऐसे बयान दें। इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। मैं इस मामले में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से बात करूंगा।’’ मंत्री ने नाइक का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘अगर वह इतने शक्तिशाली हैं, तो उन्हें देवेंद्र फडणवीस से बात करनी चाहिए।’’ उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, ‘‘अगर आप हमें चुनौती देते हैं, तो हम इसे स्वीकार करेंगे।’’
महायुति गठबंधन में बीजेपी, शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना और उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) शामिल हैं। शिवसेना नेता एवं पर्यटन मंत्री शिंदे के करीबी विश्वासपात्र- शंभूराज देसाई ने सतारा में कहा, ‘‘अगर हमारी पार्टी अनुमति देती है, तो हमारा रुख वही रहेगा। जब उनकी पार्टी कोई रुख अपनाएगी, तो हम भी उचित जवाब देंगे।’’ शिवसेना नेता प्रताप सरनाइक ने भी कहा कि शिंदे, नाइक की टिप्पणियों का जवाब देने में सक्षम हैं।
अविभाजित ठाणे जिले के पूर्व संरक्षक मंत्री नाइक और शिंदे पुराने प्रतिद्वंद्वी हैं। नवी मुंबई लंबे समय से नाइक का गढ़ रहा है और ढाई दशकों से अधिक समय तक नगर निकाय पर उनका नियंत्रण रहा। नाइक वर्तमान में पालघर जिले के संरक्षक मंत्री हैं और इस जिले को ठाणे से अलग करके बनाया गया है- यह क्षेत्र शिंदे का राजनीतिक गढ़ बना हुआ है। हाल ही में सीट बंटवारे की बातचीत विफल होने के बाद शिवसेना और बीजेपी ने नवी मुंबई महानगर पालिका (एनएमएमसी) के चुनाव अलग-अलग लड़े।
Google न्यूज़, नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें
प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia