वीडियो: डॉ.कफील खान ने BRD कॉलेज में 63 बच्चों की मौत मामले में खुद की बर्खास्तगी पर क्या कहा?

डॉ.कफील खान ने कहा कि हैरानी की बात है कि 6 अगस्त 2021 को खुद सरकार ने लिखित तौर पर हाईकोर्ट में दिया कि डॉ. कफील के खिलाफ जो दूसरी जांच शुरू की गई थी, उसे वापस ले रहे हैं। बहराइच के सस्पेंशन मामले में हाईकोर्ट ने स्टे लगा दिया था।

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नवजीवन डेस्क

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में 63 बच्चों की मौत के मामले में खुद को बर्खास्त किए जाने की खबर पर डॉ.कफील खान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंन एक वीडियो बयान जारी किया है। इस वीडियो में उन्होंने सरकार पर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। साथ ही उन्होंने सरकार पर जमकर निशाना साधा है।

कफील खा ने वीडियो बयान में कहा, “63 बच्चों की मौत होती है, क्योंकि सरकार ने ऑक्सीजन सप्लाई के 68 लाख रुपये के बिल नहीं दिए। 8 लोग जेल जाते हैं और निलंबित किए जाते हैं, जिसमें 7 लोगों को बहाल कर दिया जाता है। मुझे डीएम से लेकर प्रिंसिपल सेक्रेटरी और हाईकोर्ट तक के जजमेंट में कहा जाता है कि कोई चिकित्सा लापरवाही नहीं की, कोई भ्रष्टाचार नहीं किया। फिर भी कल खबर मिलती है कि इनको नौकरी से निकल दिया गया है। 63 बच्चों के मां-बाप आज भी इंसाफ के लिए भटक रहे हैं। जो असली कातिल हैं, गुनहगार हैं वो आज भी खुलेआम घूम रहे हैं। कहते है कि नाइंसाफी करने वाला जितना बड़ा ताकतवर होता है। इंसाफ में आपको देर लग जाती है, लेकिन इंसाफ मिलता जरूर है।”

कफील खान ने आगे कहा, “न्याय के लिए लड़ाई जारी रहनी चाहिए। मुझे अदालत पर भरोसा है। जिस समय मुझे आधिकारिक लेटर मिलेगा कि आपको बर्खास्त कर दिया गया है। इसी दिन में हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट में इसको चैलेंज करूंगा।”

उन्होंने कहा, “हैरानी की बात है कि 6 अगस्त 2021 को खुद सरकार ने लिखित तौर पर हाईकोर्ट में दिया कि डॉ. कफील के खिलाफ जो दूसरी जांच शुरू की गई थी, उसे वापस ले रहे हैं। बहराइच के सस्पेंशन मामले में हाईकोर्ट ने स्टे लगा दिया था। तो ये क्यों किया? वहां पर कुछ पेपर नहीं जमा किया और आज ये फैसला सुना दिया है। हालांकि मेरे पास को आधिकारिक पेपर नहीं है। ना ही इन्होंने कोर्ट में पेपर जमा किया है। खबरें आ रही हैं कि आपको निकाल दिया गया है। बच्चों के हत्यारों के जाने का समय आ गया है, चार महीने की बात है।”

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