नोएडा में गर्भवती की मौत को प्रियंका गांधी ने बताया सरकार की बड़ी चूक, कहा- ये हादसा एक चेतावनी है

नोएडा में प्रसव के लिए अस्पताल की तलाश के दौरान एक महिला की मौत को कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने 'चेतावनी' बताया, साथ ही सरकार की व्यवस्था पर सवाल खड़े किए है।

फोटो: सोशल मीडिया
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नवजीवन डेस्क

उत्तर प्रदेश के नोएडा में प्रसव के लिए अस्पताल की तलाश के दौरान एक महिला की मौत को कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने 'चेतावनी' बताया साथ ही सरकार की व्यवस्था पर सवाल खड़े किए है। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर यूपी की योगी सरकार को आड़े हाथों लिया है। प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर यूपी में स्वास्थ्य सुविधाओं पर सवाल उठाए हैं, साथ ही यूपी सरकार को इसमें सुधार की सलाह भी दी है।

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गर्भवती महिला के साथ हुआ जानलेवा हादसा एक चेतावनी है: प्रियंका गांधी

प्रियंका गांधी ने ट्वीट किया है कि कोरोना महामारी के दौरान सरकार को नॉन कोविड बीमारियों और अन्य स्वास्थ्य सुविधाओं को बहुत गंभीरता से लेना होगा। इस संदर्भ में किसी भी चूक के गंभीर परिणाम हो सकते हैं। प्रियंका गांधी ने आगे लिखा कि नोएडा में एक गर्भवती महिला के साथ हुआ जानलेवा हादसा एक चेतावनी है। यूपी में कई जगहों से इस तरह की खबरें आई हैं। सरकार को इसके लिए पूरी तैयारी करनी चाहिए ताकि किसी की जान न जाए।

अखिलेश यादव ने भी सरकार को घेरा

गौरतलब है कि विपक्ष लगातार सरकार को इस मामले में घेरता नजर आ रहा है। प्रियंका गांधी से पहले सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने नोएडा में प्रसव के लिए अस्पताल की तलाश के दौरान एक महिला की मौत को 'अति दुखद' करार देते हुए रविवार को सरकार की व्यवस्था पर सवाल खड़े किए। अखिलेश ने ट्वीट किया कि उत्तर प्रदेश में प्रसव के लिए अस्पताल खोजते-खोजते एक गर्भवती महिला की मृत्यु अति दुखद है। सरकार यह बताए कि अगर वह कोरोना वायरस के इलाज के लिए एक लाख बेड के इंतज़ाम का दावा करती है तो आने वाली पीढ़ियों के लिए कुछ बेड आरक्षित क्यों नहीं रखे।

अस्पताल की तलाश के दौरान हुई थी महिला की मौत

आपको बता दें, ग्रेटर नोएडा में शुक्रवार को नीलम नामक एक गर्भवती महिला की प्रसव के लिए अस्पताल ढूंढने के दौरान मौत हो गई थी। नीलम के पति विजेंदर सिंह के मुताबिक उन्होंने कुछ सरकारी अस्पतालों समेत आठ चिकित्सालयों के दरवाजे खटखटाए लेकिन सभी ने उनकी पत्नी को प्रसव के लिए भर्ती करने से इनकार कर दिया। गौतमबुद्ध नगर जिला प्रशासन ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए मामले की जांच के आदेश दिए हैं।

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