जमुई छेड़छाड़ केस: मुख्य आरोपी मुठभेड़ में घायल, प्रियंका गांधी ने महिलाओं की सुरक्षा पर बीजेपी सरकार से पूछे कई सवाल
बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा से बदसलूकी के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी नंदन यादव को मुठभेड़ के बाद घायल अवस्था में गिरफ्तार किया है, इस मामले को लेकर प्रियंका गांधी ने महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा पर चिंता जताते हुए केंद्र और राज्य सरकारों से महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है।

जमुई छेड़छाड़ मामले में मुख्य आरोपी नंदन यादव का हाफ एनकाउंटर
प्रियंका गांधी ने महिलाओं की सुरक्षा पर चिंता जताई, कहा- महिलाओं के खिलाफ हिंसा बढ़ने के साथ ज्यादा हिंसक भी हो रही है।
प्रियंका ने कहा कि महिलाओं को सड़कों पर सुरक्षित महसूस कराना जरूरी है।
बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ और बदसलूकी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले का मुख्य आरोपी नंदन यादव मंगलवार को पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में घायल हो गया। पुलिस के मुताबिक, फरार आरोपी भागने की कोशिश कर रहा था, इसी दौरान हुई मुठभेड़ में उसके पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस मुख्यालय के अनुसार, इस मामले में एक अन्य फरार आरोपी हरेराम यादव के भी घायल होने की सूचना है। उसकी तलाश के साथ ही बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस का अभियान जारी है।
जमुई की घटना पर प्रियंका गांधी ने जताई चिंता
उधर, जमुई की घटना समेत दिल्ली और बिहार में महिलाओं के खिलाफ हालिया यौन हिंसा की घटनाओं पर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने चिंता जताई है। केरल में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि महिलाओं के खिलाफ हिंसा बढ़ने के साथ-साथ अधिक हिंसक होती जा रही है। प्रियंका गांधी ने केंद्र और राज्य सरकारों से महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि बड़ी-बड़ी योजनाओं और कार्यक्रमों की बात करने का कोई मतलब नहीं है, अगर महिलाओं को सड़कों पर सुरक्षित माहौल नहीं मिल सकता।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा ऐसा मुद्दा है, जिस पर सभी को गंभीरता से विचार करने की जरूरत है। उनके मुताबिक, राज्य सरकारों और खासकर केंद्र सरकार को यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने चाहिए कि महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस करें।
क्या है जमुई का पूरा मामला?
यह घटना 19 सितंबर की शाम जमुई टाउन थाना क्षेत्र के मड़वा पहाड़ इलाके में हुई थी। आरोप है कि कोचिंग से लौट रहे एक नाबालिग छात्र और छात्रा को स्कूटी से जाते समय 6-7 युवकों ने रोक लिया। इसके बाद दोनों के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई और छात्रा के साथ अभद्र व्यवहार का आरोप है।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आया और लोगों में आक्रोश देखने को मिला। पुलिस ने वीडियो के आधार पर करीब सात आरोपियों की पहचान की है। इनमें तीन नाबालिग आरोपियों को पहले ही हिरासत में लिया जा चुका है।
मामले में POCSO एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत FIR दर्ज की गई है। एसडीपीओ दीप्ति मोनाली के नेतृत्व में गठित SIT मामले की जांच कर रही है। जमुई के पुलिस अधीक्षक विश्वजीत दयाल के मुताबिक, पीड़ितों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पीटीआई के इनपुट के साथ
