खेल की 5 बड़ी खबरें: BCCI ने राहुल जौहरी का इस्तीफा किया मंजूर और LIVE के दौरान रो पड़े माइकल होल्डिंग

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने सीईओ राहुल जौहरी का इस्तीफा गुरुवार को स्वीकार कर लिया। उन्होंने कुछ महीने पहले अपना इस्तीफा बोर्ड को सौंपा था और हॉकी इंडिया के कार्यकारी बोर्ड ने बैठक में मणिपुर के ज्ञानेंद्र निंगोमबाम को अपना नया अध्यक्ष चुना है।

फोटो: सोशल मीडिया
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नवजीवन डेस्क

बीसीसीआई ने CEO राहुल जौहरी का इस्तीफा मंजूर किया

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) राहुल जौहरी का इस्तीफा गुरुवार को स्वीकार कर लिया। उन्होंने कुछ महीने पहले अपना इस्तीफा बोर्ड को सौंपा था। बीसीसीआई ने सुप्रीम कोर्ट से नियुक्त जस्टिस लोढ़ा कमेटी की सिफारिशों पर अमल करते हुए राहुल जौहरी को अपना पहला सीईओ (मुख्य कार्यकारी अधिकारी) नियुक्त किया था। जौहरी ने 1 जून 2016 से अपना पदभार संभाला था। बता दें कि जस्टिस लोढ़ा कमेटी ने सिफारिशें की थी कि क्रिकेट से हटकर मैनेजमेंट को देखने के लिए एक सीईओ की नियुक्ति जरूरी है। लोढ़ा कमेटी ने सीईओ की नियुक्ति की सिफारिश के साथ ही उसे पांच साल का अनुबंध देने की सिफारिश भी की थी।

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एचआई अध्यक्ष मुश्ताक अहमद ने दिया इस्तीफा, निंगोमबाम नए मुखिया

हॉकी इंडिया (एचआई) के कार्यकारी बोर्ड ने शुक्रवार को बैठक रखी और मणिपुर के ज्ञानेंद्र निंगोमबाम को अपना नया अध्यक्ष चुना है। यह तब हुआ जब मुश्ताक अहमद ने सात जुलाई को अपनी पारिवारिक जिम्मेदारियों का हवाला देते हुए अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया। बोर्ड की बैठक में मुश्ताक का इस्तीफा मंजूर कर लिया गया। एचआई के कार्यकारी बोर्ड ने अपने संविधान के नियम कानून को मानते हुए उपाध्यक्ष निंगोमबान को नया अध्यक्ष नियुक्त किया। 2018 में अध्यक्ष पद संभालने से पहले मुश्ताक एचआई के महासचिव थे। कार्यकारी बोर्ड ने मुश्ताक को धन्यवाद दिया है। निंगोमबाम कई वर्षो से मणिपुर हॉकी से जुड़े हैं और वहां की प्रतिभा को तराशने में उनकी अहम भूमिका रही है। साथ ही उन्होंने वहां जमीनी स्तर पर खेल को बढ़ावा देने के लिए काफी काम किया है। वह 2009 से 2014 तक मणिपुर हॉकी के मुख्य कायकारी अधिकारी रहे और 2014 से 2018 तक अध्यक्ष भी रहे।

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LIVE के दौरान रो पड़े दिग्गज माइकल होल्डिंग

वेस्टइंडीज के अपने जमाने के दिग्गज तेज गेंदबाज माइकल होल्डिंग नस्लवाद पर दमदार भाषण देने के एक दिन बाद सीधे प्रसारण के दौरान अपने माता-पिता के साथ हुए नस्ली व्यवहार पर बात करते हुए आंसू नहीं रोक पाए। इंग्लैंड और वेस्टइंडीज के बीच पहले टेस्ट मैच क्रिकेट मैच से पूर्व होल्डिंग ने कहा था कि अश्वेत नस्ल का अमानुषिकीकरण किया गया और अगर नस्लवाद पर संपूर्ण मानव जाति को शिक्षित नहीं किया गया तो यह जारी रहेगा दूसरे दिन इस विषय पर बात करते हुए वह भावुक हो गए। उन्होंने ‘स्काई न्यूज’ से कहा, ‘यह भावनात्मक पक्ष तब सामने आया जब मैंने अपने माता-पिता के बारे में सोचना शुरू किया और मैं फिर से भावुक हो रहा हूं। मैं जानता हूं कि मेरे माता-पिता किस दौर से गुजरे हैं। मेरी मां के परिवार ने उनसे इसलिए बात करना बंद कर दिया था क्योंकि उनके पति बहुत गहरे रंग थे।’

आज ही के दिन 2019 विश्व कप से बाहर हुआ था भारत

भारतीय टीम के हरफनमौला खिलाड़ी रवींद्र जडेजा ने शुक्रवार को टीम की 2019 विश्व कप की विदाई को याद किया है और कहा है कि वो सबसे बुरे दिनों में से एक है। पिछले साल इसी दिन भारत को सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड के हाथों मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रेफर्ड में हार का सामना करना पड़ा था और टीम का विश्व कप जीतने का सपना टूट गया था। जडेजा ने उस मैच की एक फोटो पोस्ट कर लिखा है, "हमने अपनी पूरी कोशिश की थी, लेकिन कम पीछे रह गए। सबसे बुरे दिनों में से एक।" सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए आठ विकेट के नुकसान पर 239 रन बनाए थे और फिर भारत को 221 रनों पर आउट कर दिया था। जडेजा ने उस मैच में शानदार पारी खेली थी और 77 रन बनाए थे। महेंद्र सिंह धोनी के साथ शानदार साझेदारी करते हुए टीम को जीत की दहलीज पर पहुंचा दिया था। धोनी रन आउट हो गए थे और इसी के साथ भारत की तमाम उम्मीदों को झटका लगा था। इस मैच के बाद धोनी अभी तक क्रिकेट के मैदान पर वापस नहीं दिखे हैं।

फोटो: IANS
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हरे और लाल रंग की जर्सी को बरकरार रखेगा एटीके-मोहन बागान

एटीके-मोहन बागान के बोर्ड ने हरे और लाल रंग की जर्सी को बरकरार रखने का शुक्रवार को फैसला किया ताकि फुटबाल क्लब की विरासत का पर्याय बनी रहे। एक बयान में कहा गया है कि क्लब का नाम बदलकर एटीके मोहन बागान कर दिया गया है जबकि लोगो में मोहन बागान की पहचान-नाव को बरकरार रखा गया है और उसके पास 'एटीके' शब्द लिख दिया गया है। बयान के अनुसार, " उस संस्कृति और परंपरा को बरकरार रखा गया है जिसने ब्रांड को एक घरेलू नाम बनाया है। लोगो में भी इस पहचान को बरकरार रखा गया है। क्लब ने बंगाल में एक विश्व स्तरीय फुटबॉल अकादमी बनाने और मोहन बागान की मौजूदा सुविधाओं को फिर से शुरू करने की योजना की घोषणा की ताकि आईएसएल और एएफसी टूर्नामेंट के घरेलू मुकाबले यहां खेले जा सकें।"

(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

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