
60 और 70 के दशक की शीर्ष अभिनेत्रियों में शुमार साधना शिवदासानी की जयंती बुधवार को मनाई जा रही है। इस अवसर अभिनेत्री सायरा बानो और जैकी श्रॉफ ने उन्हें याद किया।
अभिनेत्री सायरा बानो ने इंस्टाग्राम पर कुछ तस्वीरें पोस्ट कीं, जिनमें वह साधना, राज कपूर और माला सिन्हा जैसे दूसरे सितारों के साथ हैं।
उन्होंने लिखा, "साधना को जन्मदिन पर प्यार भरी याद। भारतीय सिनेमा की सबसे बेहतरीन अदाकाराओं में से एक और गरिमा से भरी शख्सियत। साधना एस.मुखर्जी (शशधर मुखर्जी) के फिल्मालय स्टूडियो की सबसे बेहतरीन खोजों में से एक थीं। वह एक ऐसी कलाकार जिन्होंने 'वो कौन थी', 'मेरा साया' और 'वक्त' जैसी फिल्मों में शानदार काम किया था, जो आज भी लोगों के दिलों और यादों में हमेशा के लिए बसा हुआ है।"
अभिनेता जैकी श्रॉफ ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरीज सेक्शन पर अभिनेत्री साधना की कुछ तस्वीरें पोस्ट कीं, जिसके साथ उन्होने लिखा, "आप हमेशा हमारी यादों में रहेंगी।" 60 और 70 के दशक की शीर्ष अभिनेत्रियों में शुमार साधना अपनी बेहतरीन अदाकारी के साथ-साथ अपने खास हेयरस्टाइल (साधना कट) के लिए आज भी बेहद लोकप्रिय हैं।
गायक और संगीतकार पापोन का नया गाना 'अपनी उलझन' रिलीज हो गया है। यह गाना प्यार, जुदाई और किसी रिश्ते के खत्म होने के बाद खुद को दोबारा समझने की कोशिश के बारे में है। गाने में उस दौर की भावनाओं को आवाज दी गई है, जब इंसान किसी रिश्ते से बाहर निकलने की कोशिश तो करता है, लेकिन उसके असर से पूरी तरह मुक्त नहीं हो पाता। कई बार इंसान के अंदर होने वाला बदलाव उन लोगों को उसके व्यक्तित्व में बदलाव जैसा लगता है, जो उसे पहले से जानते हैं।
'अपनी उलझन' के बोल गीतकार वैभव मोदी ने लिखे हैं। गाने में एक ऐसे इंसान की कहानी सामने आती है, जो धीरे-धीरे अपनी भावनात्मक उलझनों से बाहर निकल रहा है और खुद के अंदर एक संतुलन तलाशने की कोशिश कर रहा है। गाने की सबसे खास बात यह है कि इसमें आगे बढ़ने की कोशिश के साथ-साथ उस रिश्ते की याद और उसका असर भी मौजूद है।
पापोन ने गाने के बारे में बात करते हुए कहा, ''मैं 'अपनी उलझन' के बोल में छिपी भावनाओं से खुद को काफी जुड़ा हुआ महसूस करता हूं। यह गाना जिंदगी के उस दौर के बारे में है, जब इंसान अपनी ही उलझनों से बाहर निकलने की कोशिश करता है और खुद को संभालना सीखता है। यह मेरा एल्बम 'सर-ए-शाम' के पसंदीदा गानों में से एक है।''
अभिनेत्री तापसी पन्नू आगामी एक्शन-थ्रिलर फिल्म फिल्म 'गांधारी' की रिलीज को लेकर तैयार हैं। अभिनेत्री का कहना है कि उन्होंने हमेशा बॉक्स ऑफिस कलेक्शन से ज्यादा फिल्मों की क्वालिटी पर अहमियत दी है।
अभिनेत्री का मानना है कि भले ही उनके 100 करोड़ वाली फिल्में नहीं है, लेकिन उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है। अभिनेत्री ने आईएएनएस के साथ बातचीत में बताया कि उन्होंने कई ऐसी फिल्में देखी हैं, जिसने बॉक्स ऑफिस में खास कमाई नहीं कि हो, लेकिन बाद में कल्ट क्लासिक का दर्जा हासिल किया है।
अभिनेत्री ने बताया, "मैंने अपने करियर में कई ऐसी फिल्में देखी हैं, जो बॉक्स ऑफिस पर नहीं चलती और फिर 10 साल बाद हम उन्हें दशक की बेस्ट फिल्मों में गिनते हैं। फिर उन्हें कल्ट का दर्जा मिल जाता है, उनकी सराहना होती है, रेफरेंस दिए जाते हैं।"
अभिनेत्री ने यह भी बताया कि इस समझ ने एक एक्टर के तौर पर उनके फैसलों पर काफी हद तक असर डाला है, जिससे उन्होंने बॉक्स ऑफिस नंबर के टेम्पररी इनाम के बजाय अपनी फिल्मोग्राफी चुनी है।
अभिनेता चंकी पांडे ने फिल्ममेकर डेविड धवन के साथ काम करने के अपने अनुभव को याद करते हुए एक मजेदार किस्सा साझा किया है। उन्होंने बताया कि डेविड धवन अपने काम को लेकर इतने उत्साहित रहते थे कि शूटिंग के दौरान खुद ही सीन का हिस्सा बनने के करीब पहुंच जाते थे। हालत यह होती थी कि जब कैमरा चल रहा होता था, तब सेट पर मौजूद लोगों को उन्हें रोकना पड़ता था, ताकि वह फ्रेम में न आ जाएं।
चंकी ने डेविड धवन को अपने साथ काम करने वाले सबसे बेहतरीन निर्देशकों में से एक बताया और कहा कि उस दौर में आज की तरह मॉनिटर और दूसरी तकनीकें नहीं होती थीं, इसलिए निर्देशक को पूरा सीन अपने दिमाग में ही देखना पड़ता था।
चंकी पांडे ने यह किस्सा सोनी एंटरटेनमेंट टेलीविजन के शो 'इंडियाज बेस्ट डांसर सीजन 5' के आने वाले एपिसोड में सुनाया। शो के दौरान वह डेविड धवन के साथ काम करने के दिनों को याद करते नजर आए। चंकी ने बताया कि डेविड शूटिंग के समय सिर्फ निर्देशक बनकर पीछे खड़े नहीं रहते थे, बल्कि सीन के साथ पूरी तरह जुड़ जाते थे।
अभिनेत्री शिवांगी जोशी और अभिनेता हर्षद चोपड़ा के बीच केमिस्ट्री हमेशा चर्चा का विषय रहा है। हाल ही में शो 'लॉकअप-2' में भी दोनो की नजदीकियों ने दर्शकों और शो में मौजूद कंटेस्टेंट में अलग तरह का प्रभाव डाला था। अभिनेता गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा ने दोनों के बीच बॉन्डिंग को लेकर प्रतिक्रिया दी।
सुनीता आहूजा का मानना है कि जब दो एक्टर साथ में काम करते हैं, तो नजदीकियां होना स्वाभाविक है लेकिन ऐसे में उनके रिश्ते को खास नाम देना गलत बात है।
दरअसल, सुनीता आहूजा हाल ही में बालाजी टेलीफिल्म्स के पॉडकास्ट में गई थीं, जहां उन्होंने दोनों के रिश्ते की तुलना बॉलीवुड एक्टर्स से करते हुए कहा कि कई बार मेल स्टार्स अपनी पत्नियों से ज्यादा समय फीमेल को-स्टार्स के साथ बिताते हैं, जिससे उनके बीच भी बॉन्ड बन जाता है।
सुनीता आहूजा ने कहा, " अब देखो जैसे हमारे हीरोज हैं, हमसे ज्यादा तो हीरोइन लोगों के साथ रहे थे तो उनकी बॉन्डिंग हो जाती है।"
आईएएनएस के इनपुट के साथ
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