
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज राहत पैकेज से जुड़ी अपनी लगातार दूसरी प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने प्रवासी मजदूरों को लेकर कई ऐलान किए। निर्मला सीतारमण ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि इस पैकेज में सरकार ने आठ करोड़ प्रवासी मजदूरों के लिए 35 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान रखा है। इसके तहत अगले दो महीने तक सभी प्रवासी मजदूरों को मुफ्त राशन मुहैया कराया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा, “कई राज्यों के प्रवासी मजदूरों को इस समय राशन की सबसे ज्यादा जरूरत है, इसलिए सरकार ने प्रवासी मजदूरों को अगले 2 महीने तक मुफ्त राशन देने का निर्णय लिया है।” उन्होंने आगे कहा कि जिन प्रवासी मजदूरों के पास राशन कार्ड हैं, उन्हें पहले की तरह राशन मिलता रहेगा। लेकिन जिनके पास राशन कार्ड नहीं हैं, उन्हें 5 किलो गेहूं प्रति व्यक्ति और एक किलो चना दो महीने के लिए मुफ्त में दिए जाएंगे। फिलहाल प्रवासी मजदूर किसी भी राज्य का राशन कार्ड दिखाकर, कहीं से भी राशन ले सकेंगे। इसके अलावा सरकार बहुत जल्द 'वन नेशन-वन राशन कार्ड' लेकर आएगी। निर्मला सीतारमण ने कहा कि वन नेशन-वन राशन कार्ड की अवधि मार्च 2021 तक होगी।
उन्होंने आगे कहा कि मजदूरों को किसी एजेंसी के जरिए नहीं बल्कि सीधे काम के लिए बुलाया जा सकेगा इसे लेकर संसद में काम जारी है। इससे मजदूरों को लाभ होगा। उन्होंने कहा कि मिनिमम वेज को यूनिवर्सल प्रावधान में लाएंगे इससे सभी मजदूरों को फायदा होगा।
उन्होंने कहा कि जो मजदूर लौट रहे हैं उन्हें विभिन्न मंत्रालयों के जरिए मनरेगा में इनरोल किया जा रहा है। मनरेगा अधिनियम के तहत उन्हें अपने ही राज्य में काम दिया जायेगा। 50 फीसदी तक रजिस्ट्रेशन बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि 13 मई तक 14.62 करोड़ लोगों को काम दिया जा चुका है। 10 हजार करोड़ का खर्च हुआ है। पिछले साल के मुकाबले 40 से 50 प्रतिशत अधिक लोगों को काम दिया गया।
वित्त मंत्री ने सभी श्रमिकों के लिए सार्वभौमिक न्यूनतम मजदूरी की बात की। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन ने कहा कि हम कोशिश कर रहे हैं कि ये मजदूरी सभी के लिए एकसमान हो।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार प्रवासी मजदूरों के लिए अफोर्डेबल रेंटल हाउसिंग स्कीम लेकर आई है। इससे यह फायदा होगा कि जहां वो काम करते हैं, उनको कम कीमत पर किराये का मकान मिल पाए। इस संबंध में शहरी विकास मंत्रालय की तरफ से डिटेल जानकारी सामने आएगी।
वित्त मंत्री ने कहा कि महिलाओं के लिए रात्रि की पाली में काम करने पर सुरक्षा के लिए गाइडलाइन लाई जाएगी। मजदूरों का हेल्थ चेकअप होगा।
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Published: 14 May 2020, 6:58 PM IST