मनोरंजन

सिनेजीवन: परिणीति चोपड़ा ने पहली बार दिखाई बेटे नीर की नर्सरी और अली अब्बास जफर ने अहान पांडे की जमकर तारीफ की

परिणीति चोपड़ा ने शुक्रवार को इंस्टाग्राम के जरिए बेटे नीर की नर्सरी (बच्चे का कमरा) की झलक दिखाई। फिल्ममेकर अली अब्बास जफर अपने अपकमिंग अनटाइटल्ड प्रोजेक्ट में अभिनेता अहान पांडे को डायरेक्ट करने की तैयारी में हैं।

फोटो: सोशल मीडिया
फोटो: सोशल मीडिया 

परिणीति चोपड़ा ने पहली बार दिखाई बेटे नीर की नर्सरी

बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री परिणीति चोपड़ा इन दिनों जिंदगी के खूबसूरत पल बिता रही हैं। हाल ही में अभिनेत्री परिणीति चोपड़ा और आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने बेटे का स्वागत किया था। शुक्रवार को अभिनेत्री ने इंस्टाग्राम के जरिए बेटे नीर की नर्सरी (बच्चे का कमरा) की झलक दिखाई।

परिणीति ने लिखा, "यह हमारा छोटा-सा कोना है, जो खास तौर पर बेटे नीर के लिए बनाया गया है। पहली बार माता-पिता बनने की वजह से हम चाहते थे कि कमरा शांत और सुकून देने वाला हो, जैसे ही कोई अंदर आए, उसे हल्की धूप, ठंडी हवा, नरम रंग, और क्लासिक सजावट दिखे।"

उन्होंने बताया कि शुरुआती महीनों में वे कमरे को ज्यादा भड़कीले रंगों या ज्यादा सामान से भरना नहीं चाहती थीं। उन्होंने लिखा, "हम बस एक ऐसा कमरा चाहते थे, जो आरामदेह हो और ऐसी ऊर्जा हो कि अंदर आते ही मन को सुकून मिले। यह एक ऐसा स्थान हो, जहां हम तीनों साथ में खुशी से रह सकें।"

उन्होंने आगे लिखा, "पीछे से शांत भजन बजते रहें, खिड़की से आती ठंडी हवा हमें घेरे। यही हमारे प्यार की परिभाषा है और उस दृश्य के साथ जिसे देखकर दिल खुश हो जाए। प्यार और शांति के साथ, परिणीति और राघव।"

Published: undefined

'दम लगा के हईशा' को 11 साल पूरे, आयुष्मान ने शेयर किया फिल्म का फेवरेट सीन

11 साल पहले पर्दे पर ऐसी फिल्म रिलीज हुई थी जिसने न सिर्फ दर्शकों को पेट पकड़कर हंसने पर मजबूर कर दिया, बल्कि समाज को साफ शब्दों में संदेश भी दिया।

हम बात कर रहे हैं आयुष्मान खुराना और भूमि पेडनेकर की फिल्म 'दम लगा के हईशा' की। फिल्म की शूटिंग हरिद्वार के छोटे से घर से हुई, लेकिन फिल्म की सफलता की गूंज लोगों के दिलों और बॉक्स ऑफिस पर महसूस की गई। आज फिल्म की रिलीज को पूरे 11 साल हो चुके हैं और अभिनेता ने फिल्म के अपने सबसे पसंदीदा सीन के बारे में बात की है।

आयुष्मान खुराना ने 'दम लगा के हईशा' का कॉमेडी से भरा सीन शेयर किया है, जिसमें शूट करने में उन्हें सबसे ज्यादा मजा आया था। सीन में संध्या और प्रेम प्रकाश के बीच शादी के तुरंत बाद लड़ाई हो गई है और बातचीत बिल्कुल बंद है। ऐसे में दोनों संवाद के लिए 80 के दशक के गानों का सहारा ले रहे हैं। फिल्म का यह सीन इतना मजेदार था कि आज भी देखकर हंसी रोक पाना बहुत मुश्किल है।

अभिनेता ने सीन शेयर कर लिखा, 'दम लगा के हईशा' के मेरे पसंदीदा दृश्यों में से एक। वे गुस्से में हैं, एक-दूसरे से बात नहीं कर रहे, फिर भी संगीत के ज़रिए सब कुछ कह रहे हैं। मुझे हमेशा से यह पल बहुत पसंद आया है क्योंकि यह दिखाता है कि जब शब्द साथ नहीं देते, तब भी भावनाएं अपना रास्ता खोज लेती हैं। यह कितना अद्भुत है कि संगीत अपने आप में एक संवाद बन सकता है और कभी-कभी किसी भी संवाद से कहीं ज़्यादा बातें कह देता है।

Published: undefined

बाली के ‘जंगल स्विंग’ पर झूलीं अभिनेत्री दिव्या दत्ता, बचपन की यादों को किया ताजा

बड़े होने के बाद अक्सर हम बचपन की उन छोटी-छोटी खुशियों को याद करते हैं, जिनमें हमारे चेहरे पर मुस्कान आ जाती है, जैसे पुरानी गलियों में घूमना, दोस्तों के साथ खेलना या झूले पर झूलना। अभिनेत्री दिव्या दत्ता इन्हीं यादों को फिर से जीती नजर आई हैं। 

दरअसल, अभिनेत्री दिव्या दत्ता बाली की सैर पर गई हैं। वहां पर उन्होंने बाली का मशहूर 'जंगल स्विंग' पर झूला झूला। यह झूला जंगल के बीच ऊंचे पेड़ों से लटका होता है, जिसमें बैठकर लोग हवा में झूलते हैं और नीचे हरा-भरा नजारा देखते हैं। दिव्या ने इस मजेदार पल का वीडियो अपने इंस्टाग्राम पर पोस्ट किया।

दिव्या ने झूला झूलने को बचपन की यादों से जोड़ते हुए लिखा, "मुझे बचपन से ही पेड़ों पर झूला झूलना बहुत पसंद था। चाहे पीपल का पेड़ हो, बरगद का या फिर नीम का, हर पेड़ पर झूला झूलने का मजा ही अलग होता था। झूलते वक्त पत्तों और टहनियों को छूना, ऊपर जाने की कोशिश करना, यह सब बहुत खूबसूरत एहसास देता था। बाली के इस जंगल स्विंग पर झूलकर मुझे वही पुरानी यादें फिर से जीने को मिली। उसी प्यारी याद को फिर से जीना सच में बहुत अच्छा एहसास था।"

Published: undefined

अहान पांडे में है ओल्ड-स्कूल रोमांटिक हीरो वाली ईमानदारी : अली अब्बास जफर

फिल्ममेकर अली अब्बास जफर अपने अपकमिंग अनटाइटल्ड प्रोजेक्ट में अभिनेता अहान पांडे को डायरेक्ट करने की तैयारी में हैं। उन्होंने अहान की खुलकर तारीफ करते हुए कहा कि उनमें एक खास तरह की ईमानदारी है, जो आज के दौर में कम ही देखने को मिलती है।

अली अब्बास जफर ने कहा, “मुझे अहान में सबसे ज्यादा जो बात पसंद आती है, वह उनकी परफॉर्मेंस में आने वाली ओल्ड-स्कूल ईमानदारी है। आजकल कई बार सब कुछ नकली या परफॉर्मेटिव लगता है, लेकिन अहान अपनी एक्टिंग में वही सच्चाई लाते हैं, जैसी हम बचपन में रोमांटिक हीरोज में देखते थे। कैमरा इस ईमानदारी को आसानी से पकड़ लेता है।”

 उन्होंने आगे कहा, “अहान कमजोर होने से नहीं डरते और यही उनकी ताकत है। आज के समय में कई एक्टर कमजोरी दिखाने से बचते हैं, लेकिन अहान इसे खुले दिल से अपनाते हैं। यही वजह है कि दर्शक उनसे इतनी जल्दी जुड़ जाते हैं। उनमें सॉफ्टनेस है, लेकिन साथ ही ताकत भी है। यह बैलेंस खासकर रोमांटिक कहानियों में बहुत काम आता है।”

अली का मानना है कि अहान में दुर्लभ रोमांटिक हीरो बनने की पूरी क्षमता है। वे कहते हैं, “एक सच्चा रोमांटिक हीरो सिर्फ नरमी से नहीं, बल्कि इमोशनल गहराई से पहचाना जाता है। जब यह गहराई एक्शन के साथ मिलती है, तो दर्शकों के लिए यह बहुत पावरफुल होता है। अहान की आंखों में वह बात दिखती है, जो एक्शन-रोमांस को और भी प्रभावशाली बनाती है।”

Published: undefined

रवि दुबे बनेंगे 'लक्ष्मण', अभिनेता ने बताया कैसे एक साल पहले ही मिल गया था 'ईश्वरीय संकेत'

बॉलीवुड की बहुप्रतीक्षित और मेगा बजट वाली फिल्म 'रामायण' में लक्ष्मण की भूमिका को लेकर अभिनेता रवि दुबे लंबे समय से चर्चा में बने हुए थे। हालांकि, उनकी पत्नी ने पूर्व में इस संबंध में कई संकेत दिए थे, लेकिन रवि ने  इस पर चुप्पी साध रखी थी। अब शुक्रवार को अभिनेता ने आधिकारिक रूप से फिल्म से जुड़ने की पुष्टि करते हुए पर्दे के पीछे की कहानी साझा की है।

उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक इंटरव्यू का वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में उन्होंने फिल्म में अपनी भूमिका से जुड़ी एक खास और आध्यात्मिक घटना का जिक्र किया। उन्होंने बताया, "लगभग एक साल पहले मुझे फिल्म 'रामायण' के लिए लॉक कर लिया गया था, लेकिन उससे ठीक एक साल पहले की एक घटना उनके लिए बहुत खास साबित हुई। उस समय मैं लखनऊ में किसी फिल्म की शूटिंग के लिए गया था।"

 उन्होंने बताया कि उस समय वे एक गोरिल्ला स्टाइल (गुप्त तरीके से) शूटिंग कर रहे थे, जिसमें वे बाइक पर सवार थे और उनकी हीरोइन उनके पीछे बैठी हुई थी। दोनों सड़क पर घूम रहे थे। एक पल में डायरेक्टर ने 'कट' कहा, तो उन्होंने बाइक पार्क कर दी और अगले निर्देश का इंतजार करने लगे। तभी रवि ने मुड़कर देखा कि पास में एक मंदिर है। यह लक्ष्मण का मंदिर था।

रवि ने बताया, "मंदिर देखकर मुझे हैरानी हुई क्योंकि मुझे पहले कभी नहीं पता था कि लखनऊ को प्राचीन काल में लक्ष्मण पुरी कहा जाता था। वहां की मान्यता है कि भगवान राम ने अपने छोटे भाई लक्ष्मण को यह शहर सौंपा था। इस संयोग से मैं बहुत प्रभावित हो गया था। हालांकि, मैं मंदिर के अंदर दर्शन करने के लिए गया था। वहां भगवान राम, सीता और लक्ष्मण की पौराणिक तस्वीर थी। मैंने वहां पर प्रार्थना की, बाहर आए और फोटो खींची। उस समय जिस शो की शूटिंग हो रही थी, इसमें मेरा किरदार लखन था (शो का नाम 'लखन लीला भार्गव' था)।

आईएएनएस के इनपुट के साथ

Published: undefined

Google न्यूज़नवजीवन फेसबुक पेज और नवजीवन ट्विटर हैंडल पर जुड़ें

प्रिय पाठकों हमारे टेलीग्राम (Telegram) चैनल से जुड़िए और पल-पल की ताज़ा खबरें पाइए, यहां क्लिक करें @navjivanindia

Published: undefined