अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला और तीन अन्य को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) ले जाने वाले एक्सिओम-4 मिशन के लिए रविवार को निर्धारित प्रक्षेपण स्थगित करते हुए कहा कि हाल में रूसी खंड में मरम्मत कार्यों के बाद कक्षीय प्रयोगशाला के संचालन का आकलन करने के लिए उसे अतिरिक्त समय की आवश्यकता है।
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स्पेसएक्स के फाल्कन-9 रॉकेट के बूस्टर में रिसाव, प्रक्षेपण पथ में खराब मौसम और ज्वेज्दा सर्विस मॉड्यूल के सबसे पीछे वाले भाग में रिसाव के कारण कई बार टाले जाने के बाद एक्सिओम-4 मिशन के तहत प्रक्षेपण 22 जून को करने का लक्ष्य रखा गया था।
‘एक्सिओम स्पेस’ ने एक बयान में कहा, ‘‘नासा (नेशनल एरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन) ने रविवार यानी 22 जून की निर्धारित तारीख पर प्रक्षेपण नहीं करने का निर्णय लिया है तथा प्रक्षेपण की नयी तारीख आगामी दिनों में तय की जाएगी।’’
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अंतरिक्ष एजेंसी ने कहा कि उसे कक्षीय प्रयोगशाला के ‘ज्वेज्दा सर्विस मॉड्यूल’ के सबसे पिछले हिस्से में हाल में किए गए मरम्मत कार्य के बाद अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के संचालन का आकलन जारी रखने के लिए अतिरिक्त समय की आवश्यकता है।
‘एक्सिओम स्पेस’ के बयान में कहा गया है कि अंतरिक्ष स्टेशन की परस्पर जुड़ी और एक दूसरे पर निर्भर प्रणालियों के कारण नासा यह सुनिश्चित करना चाहता है कि स्टेशन अतिरिक्त चालक दल के सदस्यों के लिए तैयार है और एजेंसी डेटा की समीक्षा करने के लिए आवश्यक समय ले रही है।
इस 14 दिन के मिशन के तहत अंतरिक्ष यात्रियों को फ्लोरिडा स्थित नासा के कैनेडी स्पेस सेंटर से स्पेसएक्स कंपनी के फाल्कन 9 रॉकेट से आईएसएस भेजा जाना है।
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एक्सिओम-4 वाणिज्यिक मिशन का नेतृत्व कमांडर पैगी व्हिटसन कर रही हैं, जिसमें शुक्ला मिशन पायलट हैं और हंगरी के अंतरिक्ष यात्री टिबोर कापू तथा पोलैंड के स्लावोज उज्नान्स्की-विस्नीव्स्की मिशन विशेषज्ञ हैं।
इस मिशन के तहत प्रक्षेपण मूलतः 29 मई को होना था लेकिन फाल्कन-9 रॉकेट के बूस्टर में तरल ऑक्सीजन के रिसाव और अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के पुराने रूसी मॉड्यूल में भी रिसाव होने का पता चलने के बाद पहले इसे आठ जून, फिर 10 जून और फिर 11 जून के लिए टाल दिया गया।
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स्पेसएक्स के उपाध्यक्ष विलियम गेर्स्टनमेयर ने 10 जून को संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि इंजीनियरों को अपने पिछले मिशन में बूस्टर के पुन: प्रवेश के दौरान तरल ऑक्सीजन के रिसाव का पता चला था और नवीनीकरण के दौरान इसकी पूरी तरह से मरम्मत नहीं की गई थी।
इसी दौरान नासा के अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन कार्यक्रम की प्रबंधक डाना वीगेल ने कहा था कि प्रक्षेपण के अवसर 30 जून तक उपलब्ध हैं।
पीटीआई के इनपुट के साथ
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