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सिनेजीवन: 'हैवान' फिल्म देखकर निराश हुए दर्शक और रश्मिका मंदाना ने हाइब इंडिया से मिलाया हाथ

फिल्म देखकर लौटे ज्यादातर दर्शक काफी निराश नजर आए। उनका कहना है कि रिलीज से पहले जिस तरह से इसको लेकर क्रेज दिखाया गया था। रश्मिका मंदाना अब हाइब इंडिया के ऑडिशन से जुड़ गई हैं।

फोटो: सोशल मीडिया
फोटो: सोशल मीडिया 

'हैवान' फिल्म देखकर निराश हुए दर्शक, बोले-प्रियदर्शन से ऐसी उम्मीद नहीं थी

अभिनेता अक्षय कुमार और सैफ अली खान स्टारर क्राइम थ्रिलर फिल्म 'हैवान' शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। फिल्म को लेकर पहले से काफी क्रेज देखने को मिल रहा था, लेकिन सिनेमाघरों से लौटे दर्शकों की प्रतिक्रिया कुछ और ही देखने को मिली। फिल्म देखकर लौटे ज्यादातर दर्शक काफी निराश नजर आए। उनका कहना है कि रिलीज से पहले जिस तरह से इसको लेकर क्रेज दिखाया गया था। फिल्म इससे बिल्कुल अलग है।

 फिल्म देखकर लौटे दर्शक ने निराशा जाहिर करते हुए कहा, "फिल्म देखकर मैं अभी बहुत दुखी हूं, क्योंकि इसको लेकर जो शोर मचा था, वैसी बिल्कुल भी नहीं है। इसमें ज्यादा कुछ देखने के लिए नहीं है, बल्कि यह एक नॉर्मल कहानी है। थिएटर में मौजूद दर्शकों को देखकर पता चला कि वे कितने बोर हुए हैं और वो आधे घंटे में ही पता चल जाती है। मूवी देखकर लगता है कि शायद सेकंड हाफ में अच्छी होगी, फिर जब वो देखते हैं, तो लगता है कि पहला पार्ट ही ठीक था।

उन्होंने सैफ अली खान के अभिनय की प्रशंसा की, तो अक्षय कुमार को कॉमेडी करने की नसीहत दी। उनका कहना है कि फिल्म देखकर नहीं लग रहा था कि ये कोई क्राइम थ्रिलर फिल्म थी। साथ ही, अक्षय कुमार ने भी विलेन के रोल में अच्छा काम नहीं किया है।

करिश्मा कपूर ने याद किया आरके स्टूडियो का गणेश चतुर्थी सेलिब्रेशन

फिल्म इंडस्ट्री में कपूर परिवार के लिए गणेश चतुर्थी हमेशा से एक खास त्योहार रहा है। कभी आरके स्टूडियो में गणपति बप्पा का भव्य स्वागत हुआ करता था, जिसमें फिल्मी दुनिया के सितारों के साथ-साथ स्टूडियो के कर्मचारी और आसपास रहने वाले लोग भी शामिल होते थे। इस परंपरा को कपूर परिवार ने आज भी अपने घरों में संभालकर रखा है। इसी पुरानी याद को करिश्मा कपूर ने हाल ही में साझा किया और बताया कि उनके दादा, दिग्गज फिल्ममेकर राज कपूर के समय आरके स्टूडियो में गणेश चतुर्थी किस तरह मनाई जाती थी।

करिश्मा कपूर ने ये यादें सोनी एंटरटेनमेंट टेलीविजन के डांस रियलिटी शो 'इंडियाज बेस्ट डांसर सीजन 5' के खास एपिसोड में साझा कीं। एक एपिसोड में करिश्मा ने कहा, ''गणेश चतुर्थी आरके स्टूडियो में बहुत सालों से मनाई जाती थी और बहुत फेमस भी थी। सारे स्टाफ और आसपास के लोग आते थे। जब से दादाजी गुजर गए, वहां की गणेश चतुर्थी बंद हो गई है, लेकिन पूरे कपूर परिवार के घरों में गणेश चतुर्थी आज भी होती है। यह उत्सव हमारे परिवार का एक बहुत जरूरी हिस्सा है और हम सब चाहे कहीं भी हों, शूटिंग चल रही है, कुछ भी हो रहा है... इन 10 दिनों में हम जरूर बप्पा के दर्शन करने जाते हैं।''

करिश्मा की बात सुनने के बाद शो में मौजूद एक्ट्रेस अमृता खानविलकर ने भी गणपति बप्पा के साथ भक्तों के खास रिश्ते पर अपनी बात रखी। अमृता ने कहा कि भगवान गणेश के साथ लोगों का रिश्ता बाकी देवी-देवताओं की तुलना में काफी अलग और ज्यादा अपनापन भरा हुआ है।

34 साल बाद भी याद है 'इधर देखो उधर देखो', जैकी श्रॉफ ने मनाया 'अंगार' का जश्न

साल 1992 में रिलीज हुई फिल्म 'अंगार' ने अपनी रिलीज के 34 साल पूरे कर लिए हैं। इस मौके पर फिल्म के मुख्य कलाकार अभिनेता जैकी श्रॉफ ने फिल्म से जुड़ी यादों को फिर से ताजा किया।

अभिनेता ने इंस्टाग्राम पर ड्रामा के यादगार पलों का एक वीडियो मोंटाज शेयर किया, जिसमें जैकी श्रॉफ ने फिल्म का गाना 'इधर देखो उधर देखो' लगाया गया है। उनके किरदार जयकिशन 'जग्गू' और फिल्म के दूसरे कलाकारों के साथ उनके सीन भी शामिल है।

वीडियो के साथ जैकी ने लिखा, "फिल्म अंगार को रिलीज हुए 34 साल पूरे हो गए हैं। साथ ही उन्होंने फिल्म की कास्ट और क्रू के कई लोगों को टैग किया, जिनमें शशिलाल के. नायर, डिंपल कपाड़िया, कादर खान, अच्युत पोतदार, ओम पुरी, सुलभा देशपांडे और टॉम अल्टर शामिल हैं।

शशिलाल के. नायर के निर्देशन में बनी हिंदी क्राइम-ड्रामा फिल्म 'अंगार' को बॉलीवुड की सबसे बेहतरीन और प्रभावशाली माफिया फिल्मों में से एक माना जाता है, जिसमें मुंबई के अंडरवर्ल्ड, राजनेताओं और बिल्डरों के बीच के गठजोड़ को बेहद संजीदगी से दिखाया गया है।

रश्मिका मंदाना ने हाइब इंडिया से मिलाया हाथ, बोलीं- 'हर लड़की को अपने सपने को एक मौका देना चाहिए'

अभिनेत्री रश्मिका मंदाना आज जिस मुकाम पर हैं, वहां तक पहुंचने का सफर उनके लिए आसान नहीं रहा। करियर की शुरुआत से लेकर लगातार बड़े प्रोजेक्ट्स का हिस्सा बनने तक रश्मिका ने कई ऐसे पल देखे हैं, जहां खुद पर भरोसा रखना बेहद जरूरी था। अब उन्हें भारत के नए टैलेंट को तलाशने वाली एक बड़ी पहल से जुड़ने का मौका मिला है। इस पर रश्मिका ने कहा कि वह इसे सिर्फ एक काम नहीं, बल्कि युवाओं के सपनों से जुड़ने का जरिया मानती हैं।

 रश्मिका मंदाना अब हाइब इंडिया के ऑडिशन से जुड़ गई हैं। इस पहल का मकसद भारत के अलग-अलग हिस्सों से टैलेंट को तलाशना, उसे निखारना और आगे बढ़ने का मौका देना है। हाइब वही कंपनी है, जो साउथ कोरिया के कई बड़े के-पॉप कलाकारों और ग्रुप्स के साथ काम करने के लिए दुनियाभर में जानी जाती है। अब भारत में इस ऑडिशन को लेकर काफी उत्सुकता है। हाइब इंडिया ने अपने टैलेंट हंट का दायरा भी बढ़ाया है और इस बार देश के कई नए शहरों में ऑडिशन आयोजित किए जा रहे हैं।

इस पहल से जुड़कर रश्मिका काफी एक्साइटेड हैं। उन्होंने कहा, ''यह भारत के युवाओं के लिए ऐसा मौका है, जो उन्हें उस मुकाम तक पहुंचा सकता है जिसकी उन्होंने शायद कभी कल्पना भी न की हो। हर सफर किसी मौके से शुरू होता है और उस मौके को स्वीकार करने के लिए हिम्मत चाहिए होती है। जब मैं अपने सफर को पीछे मुड़कर देखती हूं, तो एहसास होता है कि खुद पर भरोसा बनाए रखना, लगातार मेहनत करना और उन संभावनाओं को हां कहना कितना जरूरी होता है, जो आपको आगे ले जा सकती हैं।''

कश्मीर जाकर सुनिधि चौहान ने पूरा किया बचपन का सपना, बोलीं-'ऐसा लगता है जैसे मैं जन्नत में हूं'

सिंगर सुनिधि चौहान ने अपनी आवाज से बॉलीवुड के गानों को तो कई यादगार पल दिए हैं, लेकिन इस बार उनकी अपनी जिंदगी में एक ऐसा पल आया, जिसे वह शायद लंबे समय तक नहीं भूल पाएंगी। सुनिधि पहली बार कश्मीर पहुंचीं और घाटी की खूबसूरती देखकर पूरी तरह मंत्रमुग्ध हो गईं। जिस कश्मीर को उन्होंने अब तक फिल्मों और पर्दे पर देखा था, उसे जब उन्होंने अपनी आंखों के सामने देखा तो उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा।

सुनिधि ने बताया कि कश्मीर जाना उनका बचपन का सपना था, जो आखिरकार इतने सालों बाद पूरा हुआ। यहां पहुंचकर उन्होंने घाटी की खूबसूरती के साथ-साथ लोगों के प्यार, सुकून और खाने की भी जमकर तारीफ की।

सुनिधि ने कहा, ''मैं आपको बता नहीं सकती कि मैं कितनी खुश हूं। कश्मीर आना मेरा बचपन का सपना था। पिछले कुछ सालों में मैंने बहुत सी जगहों की यात्रा की, लेकिन मुझे कभी कश्मीर आने का मौका नहीं मिला। आखिरकार इस बार मैं यहां हूं और मुझे ऐसा लग रहा है जैसे मैं जन्नत में हूं।''

सुनिधि ने कश्मीर की प्राकृतिक खूबसूरती की तारीफ करते हुए कहा, ''यहां पहुंचकर मेरी आंखें खुली की खुली रह गईं। मुझे यकीन ही नहीं हो रहा था कि इतनी खूबसूरत जगह सच में मौजूद है। यहां के लोगों का प्यार और अपनापन मुझे काफी पसंद आया। जिन लोगों से मैं यहां मिलीं, उनके व्यवहार में बेशुमार प्यार था।''

आईएएनएस के इनपुट के साथ

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