
बिहार की मुख्य विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) में जिस आकाश यादव के लिए तेज प्रताप यादव ने प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह और अपने भाई तेजस्वी यादव के खिलाफ मोर्चा खोल रखा था, उसी आकाश ने शुक्रवार को लोक जनशक्ति पार्टी (पारस) गुट की सदस्यता ग्रहण कर ली। साथ ही आकाश को एलजेपी छात्र इकाई का राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनित कर दिया गया। आकाश को एलजेपी अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस और प्रिंस राज ने पार्टी की सदस्यता दिलाई। उन्होंने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि आकाश के पार्टी में आने से एलजेपी और मजबूत होगी।
एलजेपी (पारस गुट) की सदस्यता ग्रहण करने के बाद आकाश यादव ने कहा, "केंद्रीय मंत्री और एलजेपी अध्यक्ष पशुपति पारस और प्रिंस राज ने एक कार्यकर्ता के दर्द को समझा है। मेरे संघर्ष का पारिश्रमिक देने का काम किया। उन्होंने मुझे काम करने का मौका दिया और इस लायक समझा।" उन्होंने कहा कि एलजेपी को समाजवाद की धारा से सजाकर और खूबसूरत बनाउंगा और मजबूत करूंगा।
आकाश यादव ने कहा, "पहले जिस आरजेडी की सदस्यता मैंने ली थी, वह गरीबों की पार्टी थी, जयप्रकाश, लोहिया की पार्टी थी, पर आज आरजेडी वह आरजेडी नहीं रही, जहां गरीबों की सुनी जाती हो। यहां सत्ता और वर्चस्व के लिए किसी की भी बलि चढ़ाई जा सकती है।" उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि आरजेडी में तेजस्वी यादव और जगदानंद सिंह के आतंक से सभी परेशान और प्रताड़ित है। उन्होंने कहा कि जगदानंद सिंह नहीं चाहते कि कोई गरीब का बच्चा आगे बढ़े।
गौरतलब है कि कुछ दिन पूर्व आरजेडी के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने आकाश यादव को आरजेडी छात्र अध्यक्ष पद से हटा दिया था और उनकी जगह गगन कुमार को छात्र राजद का अध्यक्ष बना दिया था। जिसके बाद आरजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद के पुत्र और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेजप्रताप यादव नाराज हो गए।
आकाश को तेजप्रताप का नजदीकी माना जाता है। आकाश को हटाए जाने के बाद तेजप्रताप ने जगदानंद सिंह को लेकर सार्वजनिक रूप से जमकर भड़ास निकाली और उनपर कई आरोप लगा दिए। तेजप्रताप ने प्रदेश अयक्ष जगदानंद सिंह पर कार्रवाई की मांग कर दी थी। उन्होंने यह भी कहा था कि अगर कार्रवाई नहीं हुई तो वे कोर्ट जाएंगे और जब तक कार्रवाई नहीं होगी, तब तक पार्टी के किसी गतिविाि में शामिल नहीं होंगे।
अब आकाश के एलजेपी (पारस) में शामिल होने के बाद तेजप्रताप का अगला कदम क्या होता है, यह देखने वाली बात होगी।
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