
दिल्ली-NCR में न्यूनतम तापमान में गिरावट के साथ सुबह और शाम हल्की ठंड महसूस होने लगी है।
गाजियाबाद के लोनी में AQI 309 दर्ज किया गया, जो वायु गुणवत्ता की बहुत खराब श्रेणी में आता है।
दिल्ली के बवाना में AQI 237 और ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क-3 में 235 दर्ज किया गया।
IMD के अनुसार, 25 अक्टूबर तक न्यूनतम तापमान 18 से 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
दिल्ली-एनसीआर में अक्टूबर के दूसरे पखवाड़े के साथ मौसम का मिजाज बदलने लगा है। न्यूनतम तापमान में गिरावट के कारण सुबह और शाम हल्की ठंड महसूस हो रही है। दूसरी ओर, हवा की गुणवत्ता लगातार चिंता बढ़ा रही है। कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) खराब से बहुत खराब श्रेणी में पहुंच गया है, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ सकती है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, 20 अक्टूबर को दिल्ली में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। आने वाले दिनों में भी रात के तापमान में बहुत अधिक बदलाव होने का अनुमान नहीं है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 21 और 22 अक्टूबर को अधिकतम तापमान 33 डिग्री और न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। 23 अक्टूबर से अधिकतम तापमान में मामूली बढ़ोतरी होने का अनुमान है और यह 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। हालांकि, 25 अक्टूबर तक न्यूनतम तापमान 18 से 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास बने रहने की संभावना है।
आसमान मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है, जबकि 24 और 25 अक्टूबर को आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं। इस बीच प्रदूषण का बढ़ता स्तर चिंता का विषय बना हुआ है। तापमान में गिरावट और हवा की खराब गुणवत्ता के बीच लोगों को बदलते मौसम के साथ प्रदूषण से भी सावधान रहने की जरूरत है।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, गाजियाबाद के लोनी इलाके में AQI 309 दर्ज किया गया है, जो बहुत खराब श्रेणी में आता है। जिले के दूसरे इलाकों में भी प्रदूषण का स्तर चिंताजनक बना हुआ है। वेब सिटी में AQI 217, संजय नगर में 204, वसुंधरा में 203 और इंदिरापुरम में 195 दर्ज किया गया।
दिल्ली में भी कई इलाकों की हवा खराब श्रेणी में है। बवाना में AQI 237 और चांदनी चौक में 211 दर्ज किया गया। आया नगर में यह 161, बुराड़ी क्रॉसिंग में 152 और बुराड़ी में 126 रहा। कैंटोनमेंट एरिया में AQI 126 और आनंद विहार में 120 दर्ज किया गया।
ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क-3 में AQI 235 और नॉलेज पार्क-5 में 201 दर्ज किया गया। इन आंकड़ों से साफ है कि प्रदूषण की समस्या केवल दिल्ली तक सीमित नहीं है, बल्कि एनसीआर के कई इलाकों में भी हवा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए बच्चों, बुजुर्गों और अस्थमा या सांस संबंधी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। प्रदूषण अधिक होने पर बाहर की गतिविधियां सीमित रखना बेहतर है। जरूरी होने पर बाहर निकलते समय अच्छी गुणवत्ता वाला, सही फिटिंग का मास्क इस्तेमाल किया जा सकता है।
सुबह के समय ठंड और प्रदूषण के कारण धुंध या स्मॉग की स्थिति बन सकती है, जिससे दृश्यता प्रभावित होने की आशंका है। ऐसे में वाहन चलाते समय सावधानी बरतें और अपने इलाके के ताजा AQI पर नजर रखें।
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